रायपुर से बस्तर तक हाई अलर्ट: अमित शाह ने लॉन्च की 400 पुलिस गाड़ियां, सुरक्षा-विकास पर बड़ा संदेश
रायपुर/जगदलपुर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के छत्तीसगढ़ दौरे ने प्रदेश की राजनीति और प्रशासनिक गतिविधियों को नई ऊर्जा दे दी है। रायपुर के माना स्थित पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में उन्होंने डायल-112 सेवा के तहत 400 नई आपातकालीन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया, जिससे अब यह सुविधा पूरे प्रदेश के 33 जिलों तक पहुंच जाएगी। अब तक केवल 16 जिलों तक सीमित यह सेवा आम नागरिकों को त्वरित पुलिस सहायता उपलब्ध कराने की दिशा में बड़ा कदम मानी जा रही है।
इस अवसर पर राज्य सरकार ने अपराध जांच व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए हर जिले के लिए आधुनिक मोबाइल फॉरेंसिक यूनिट्स भी शुरू करने की घोषणा की। इन हाईटेक वाहनों के जरिए घटनास्थल पर ही शुरुआती वैज्ञानिक जांच संभव होगी, जिससे अपराधों की विवेचना तेज और अधिक सटीक हो सकेगी। राज्य सरकार इसे पुलिस आधुनिकीकरण की दिशा में ऐतिहासिक पहल मान रही है।
रायपुर कार्यक्रम के तुरंत बाद गृह मंत्री अमित शाह बस्तर के जगदलपुर और नेतानार के लिए रवाना हुए, जहां उनका फोकस सुरक्षा और विकास के संयुक्त मॉडल पर है। वे सबसे पहले वीर शहीद गुंडाधुर के गांव नेतानार पहुंचे, जहां उन्होंने सुरक्षा कैंप को जन सुविधा केंद्र के रूप में विकसित करने की शुरुआत की। इस मॉडल के तहत अब सुरक्षा कैंपों में स्थानीय लोगों के लिए अस्पताल, स्कूल, आंगनबाड़ी और प्रशासनिक सेवाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।
इसके बाद अमित शाह ने जगदलपुर स्थित अमर वाटिका पहुंचकर नक्सल विरोधी अभियानों में शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। बस्तर लंबे समय से नक्सल चुनौती और विकास की जरूरतों के बीच संघर्ष का केंद्र रहा है, ऐसे में उनका यह दौरा सुरक्षा बलों के मनोबल और स्थानीय विश्वास दोनों को मजबूत करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।
दौरे के दूसरे चरण में शाह अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक कर बस्तर के विकास कार्यों, सड़क, शिक्षा, स्वास्थ्य, कनेक्टिविटी और सुरक्षा योजनाओं की समीक्षा करेंगे। इसके साथ ही वे भाजपा कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे और ‘बस्तर के संग’ नामक लोक-सांस्कृतिक कार्यक्रम में शामिल होकर स्थानीय संस्कृति से संवाद भी स्थापित करेंगे।
19 मई को जगदलपुर में आयोजित होने वाली मध्य क्षेत्रीय परिषद की 26वीं बैठक इस दौरे का सबसे अहम पड़ाव होगी। अमित शाह की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री शामिल होंगे। बैठक में अंतरराज्यीय समन्वय, नक्सल प्रभावित क्षेत्रों की रणनीति और क्षेत्रीय विकास जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी। सुरक्षा और विकास के संतुलन को केंद्र में रखकर हो रहा यह दौरा बस्तर और पूरे छत्तीसगढ़ के लिए निर्णायक माना जा रहा है।
