- Hindi News
- अपराध
- फ्रेंचाइजी के नाम पर बड़ा खेल: ‘The Rameshwaram Cafe’ का झांसा देकर कारोबारी से 56.26 लाख की ठगी
फ्रेंचाइजी के नाम पर बड़ा खेल: ‘The Rameshwaram Cafe’ का झांसा देकर कारोबारी से 56.26 लाख की ठगी
रायपुर। राजधानी में लोकप्रिय ब्रांड The Rameshwaram Cafe की फ्रेंचाइजी दिलाने का झांसा देकर एक कारोबारी से 56 लाख 26 हजार 264 रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। शिकायत मिलने के बाद गंज थाना पुलिस ने अपराध दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पीड़ित व्यवसायी आशीष तिवारी ने पुलिस को बताया कि 3 जनवरी 2026 को दो मोबाइल नंबरों से संपर्क कर खुद को कंपनी की संचालक संस्था Ultran Ventures Private Limited का प्रतिनिधि बताया गया। आरोपियों ने रायपुर में फ्रेंचाइजी उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाते हुए चरणबद्ध तरीके से विभिन्न मदों के नाम पर रकम जमा करानी शुरू की।
लोकेशन लॉक, फ्रेंचाइजी एग्रीमेंट, एनओसी, सिक्योरिटी डिपॉजिट, लाइसेंस, इंफ्रास्ट्रक्चर और जीएसटी जैसे शीर्षकों के तहत 15 जनवरी से 13 फरवरी के बीच कुल 11 किश्तों में राशि अलग-अलग बैंक खातों में ट्रांसफर कराई गई। हर भुगतान के साथ प्रक्रिया पूरी होने का आश्वासन दिया जाता रहा।
जब अंतिम भुगतान के बाद भी कोई आधिकारिक दस्तावेज या अनुबंध नहीं मिला और संपर्क के लिए दिए गए दोनों मोबाइल नंबर बंद हो गए, तब कारोबारी को ठगी का संदेह हुआ। परिजनों से चर्चा के बाद 16 फरवरी को गंज थाने में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई गई।
पुलिस ने आरोपियों राघवेन्द्र राव, दिव्या राघवेन्द्र राव, सौरभ अग्रवाल और डी. राजकुमार तिवारी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज किया है। जांच के तहत बैंक खातों के लेन-देन, मोबाइल कॉल डिटेल और डिजिटल ट्रेल खंगाले जा रहे हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फ्रेंचाइजी या निवेश से जुड़े प्रस्तावों में आधिकारिक ईमेल, सत्यापित दस्तावेज और कंपनी के अधिकृत पोर्टल के माध्यम से ही भुगतान किया जाना चाहिए। मामले में आरोपियों की तलाश जारी है और जल्द गिरफ्तारी की संभावना जताई जा रही है।
लेखक के विषय में
मणिशंकर पांडेय National Jagat Vision के संस्थापक, मालिक एवं मुख्य संपादक हैं। वे निष्पक्ष, सटीक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य देश-दुनिया की सच्ची और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुँचाना है।
