जिला न्यायालय के सामने ट्रक ने तहसीलदार के बेटे को रौंदा, लापरवाही पर ड्राइवर और ठेकेदार पर गैर-इरादतन हत्या का केस

बिलासपुर। शहर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में मंगलवार को दर्दनाक सड़क हादसे में तहसीलदार के बेटे की जान चली गई। जिला कोर्ट के पास निर्माणाधीन बिल्डिंग के सामने बैक हो रहे एक तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार युवक को अपनी चपेट में ले लिया। पुलिस ने इस मामले में केवल एक्सीडेंट नहीं बल्कि जानबूझकर बरती गई लापरवाही मानी है। इसी आधार पर ट्रक ड्राइवर और निर्माण कार्य करा रहे ठेकेदार के खिलाफ गैर-इरादतन हत्या का मामला दर्ज किया गया है।

क्या है पूरी घटना

10 फरवरी की शाम करीब 4:30 बजे जिला न्यायालय के पास नई बिल्डिंग का काम चल रहा था। वहां मटैरियल लेकर पहुंचे ट्रक (CG 29 AC 0934) का ड्राइवर ठेकेदार के निर्देश पर गाड़ी को मुख्य सड़क से गेट के अंदर बैक कर रहा था। सड़क पर काफी ट्रैफिक था लेकिन सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं थे। इसी बीच वहां से गुजर रहे पल्सर सवार छात्र मनिंद्र भूषण श्याम को ट्रक ने जोरदार टक्कर मार दी। 23 साल के मनिंद्र तहसीलदार हनुमंत सिंह श्याम के बेटे थे। हादसे में उनके सिर और चेहरे पर इतनी गंभीर चोटें आईं कि सिम्स अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

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पुलिस जांच में खुली लापरवाही की पोल

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इस मामले में प्रत्यक्षदर्शी अमन गुप्ता के बयान और पुलिस की शुरुआती जांच में बड़ी खामियां सामने आई हैं:

  •  व्यस्त सड़क होने के बाद भी ट्रक को बैक कराते समय कोई सुरक्षा संकेतक या साइन बोर्ड नहीं लगाया गया था।
  •   ड्राइवर को रास्ता दिखाने या ट्रैफिक रोकने के लिए मौके पर किसी भी कर्मचारी को खड़ा नहीं किया गया था।
  •   पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में भी यह साफ हुआ है कि युवक की मौत सिर पर आई घातक चोट की वजह से हुई।

सिविल लाइन पुलिस की जांच में ये बात सामने आई कि यह हादसा नहीं बल्कि ठेकेदार की घोर लापरवाही है। भीड़भाड़ वाले इलाके में बिना किसी सावधानी के भारी वाहन का उपयोग बिना किसी सुरक्षा के करना लोगों की जान जोखिम में डालना है।प्रत्यक्षदर्शी ने बताया कि ट्रक अचानक बैक हुआ और बाइक सवार युवक को संभलने का मौका तक नहीं मिला। शहर के बीचों-बीच चल रहे निर्माण कार्यों में अक्सर ऐसी लापरवाही देखी जाती है। तहसीलदार के बेटे की मौत ने एक बार फिर प्रशासन और ठेकेदारों के काम करने के तरीके पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अगर वहां एक गार्ड या स्टॉपर होता, तो शायद एक होनहार छात्र की जान बचाई जा सकती थी।

लेखक के विषय में

मनीशंकर पांडेय Picture

मणिशंकर पांडेय National Jagat Vision के संस्थापक, मालिक एवं मुख्य संपादक हैं। वे निष्पक्ष, सटीक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य देश-दुनिया की सच्ची और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुँचाना है।

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