Bengaluru News: समझौता कराने गया युवक बना हिंसा का शिकार, गलतफहमी में भीड़ ने हिंदू युवक को पीटा
नई दिल्ली। कर्नाटक के कोप्पल जिले से सांप्रदायिक संवेदनशीलता और सामाजिक गलतफहमी से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां शांति स्थापित कराने गए एक हिंदू युवक को बेरहमी से पीट दिया गया। यह घटना उस वक्त हुई, जब युवक एक पारिवारिक विवाद में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा था, लेकिन हालात अचानक हिंसक हो गए।
पीड़ित युवक वेंकटेश, कथित तौर पर पिछले 15 वर्षों से एक मुस्लिम परिवार को जानता था और उनके साथ पड़ोसी व पारिवारिक संबंध थे। जानकारी के अनुसार, बासपट्टाना गांव में रहने वाले अजमीर और उसकी पत्नी अफिया के बीच आपसी विवाद हो गया था, जिसके बाद अफिया अपने बच्चों के साथ घर छोड़कर चली गई। इस स्थिति में अजमीर ने अपने परिचित वेंकटेश से आग्रह किया कि वह अफिया से बात कर उसे वापस लौटने के लिए समझाए।
बस स्टैंड पर हुई गलतफहमी, भीड़ ने किया हमला
अजमीर के अनुरोध पर वेंकटेश बस स्टैंड पहुंचा, जहां अफिया अपने बच्चों के साथ अपनी मां के घर जाने की तैयारी कर रही थी। इसी दौरान कुछ मुस्लिम युवकों ने वेंकटेश को महिला और बच्चों के साथ देखा और हालात को गलत अर्थों में ले लिया। देखते ही देखते आरोप-प्रत्यारोप के बीच वेंकटेश पर हमला कर दिया गया। स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव कर हमलावरों को समझाने की कोशिश की और बताया कि वेंकटेश का कोई गलत इरादा नहीं है और वह केवल समझौते के लिए आया था। इसके बावजूद कथित तौर पर मारपीट जारी रही, जिससे इलाके में तनाव फैल गया।
थाने तक पहुंचा विवाद, जांच में जुटी पुलिस
घटना के बाद मामला थाने तक पहुंच गया, जहां स्थिति और बिगड़ गई। आरोपियों के समर्थन में जुटे कुछ लोगों ने उल्टा पीड़ित के खिलाफ ही जवाबी शिकायत दर्ज कराने का दबाव बनाया। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए दोनों पक्षों की बात सुनी और मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं की निष्पक्ष जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह घटना एक बार फिर सामाजिक संवाद, संयम और गलतफहमी से बचने की जरूरत को उजागर करती है।
