कम रोशनी में फोन यूज करते हैं आप? हो सकती हैं आंखों की ये बीमारी

मायोपिया आंखों की एक ऐसी बीमारी है जिसमें नजदीक की नजर कमजोर होने लगती हैं. इस बीमारा का अहम कारण ज्यादा स्क्रीन टाइम माना जाता था, लेकिन अब एक नई रिसर्च में सामने आया है कि इसका कारण सिर्फ मोबाइल या कंप्यूटर स्क्रीन नहीं, बल्कि कम रोशनी में कोई काम करना भी हो सकता है. जैसे फोन या किसी अन्य चीज का यूज कम रोशनी में करना भी कारण हो सकता है. इसको लेकर SUNY College of Optometry के वैज्ञानिकों ने रिसर्च की है. सेल रिपोर्ट्स में प्रकाशित किया गया है.

रिसर्च में बताया गया है कि अगर आप कम रोशनी में मोबाइल, लैपटॉप या किताब पढ़ते हैं तो आखों के रेटिना को कम रोशनी मिलती है. इससे आंखों पर ज्यादा प्रेशर पड़ता है. जो मायोपिया के खतरे को बढ़ा देता है. स्टडी के लेकर जोस मैन्यूल के मुताबिक ,मायोपिया की बीमारी दुनिया भर में तेजी से बढ़ रही समस्या है. हमारी रिसर्च से यह साफ होता है कि इस बीमारी के होने का एक बड़ा कारण कम रोशनी में काम करना है. ऐसे में लोगों को यह सलाह है कि वह पर्याप्त रोशनी में ही फोन या लैपटॉप का यूज करें.

दुनिया में तेजी से बढ़ रही है मायोपिया की बीमारी
अमेरिका और यूरोप में लगभग 50% युवा मायोपिया का शिकार हो रहे हैं , जबकि पूर्वी एशिया के कुछ देशों में यह आंकड़ा 90% तक पहुंच चुका है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि खराब लाइफस्टाइल, खानपान की गलत आदतें भी इस बीमारी के होने का एक बड़ा कारण है. मायोपिया के मामले में चिंता की बात यह है कि ये बीमारी अगर समय पर कंट्रोल न हो तो गंभीर रूप भी ले सकती हैं. ये बीमारी बच्चों में भी ज्यादा देखी जाती है.

Read More हेल्दी दिखने वाली इन चीजों में होता है ज्यादा नमक, बना सकती हैं ब्लड प्रेशर का मरीज

मायोपिया के आम लक्षण क्या होते हैं

Read More क्या ज्यादा मसालेदार खाना आंतों को खराब करता है? एक्सपर्ट्स से जानें कितना है खतरा

  • दूर की चीजें साफ न दिखना
  • सिरदर्द
  • आंखों में दर्द
  • कभी कभी धुंधला दिखना

20-20 नियम का पालन करें

  • हर 20 मिनट बाद 20 सेकंड दूर देखें (20-20-20 नियम)
  • ठीक रोशनी में पढ़ाई करें
  • रोज कम से कम आधा घंटा एक्सरसाइज करें
  • स्क्रीन का यूज करते समय उचित दूरी बनाएं

लेखक के विषय में

मनीशंकर पांडेय Picture

मणिशंकर पांडेय National Jagat Vision के संस्थापक, मालिक एवं मुख्य संपादक हैं। वे निष्पक्ष, सटीक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य देश-दुनिया की सच्ची और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुँचाना है।

More News

देहरादून में रोडरेज के बाद खौफनाक वारदात: छात्रों ने चेकिंग कर रही पुलिस पर चढ़ाई कार, सिपाही गंभीर

राज्य

देहरादून में रोडरेज के बाद खौफनाक वारदात: छात्रों ने चेकिंग कर रही पुलिस पर चढ़ाई कार, सिपाही गंभीर देहरादून में रोडरेज के बाद खौफनाक वारदात: छात्रों ने चेकिंग कर रही पुलिस पर चढ़ाई कार, सिपाही गंभीर
देहरादून: देहरादून में सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता के बीच एक और चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां वाहन...
असम चुनाव में वोटिंग से ठीक पहले बड़ा उलटफेर: कांग्रेस उम्मीदवार सुरेन दायमारी ने छोड़ी पार्टी, उम्मीदवारी भी ठुकराई, EVM में नाम बरकरार
बिहार में दिनदहाड़े डबल मर्डर: सड़क पर सिर काटकर हत्या, गुस्साई भीड़ ने आरोपी को पीट-पीटकर उतारा मौत के घाट, इलाके में तनाव
MP Earthquake News: बड़वानी में भूकंप के झटकों से दहशत, 3.4 तीव्रता से कांपी धरती, घरों से बाहर निकले लोग
दिल्ली हाईकोर्ट सख्त: हिंदू देवी-देवताओं पर आपत्तिजनक पोस्ट मामले में पत्रकार राणा अयूब पर कार्रवाई के आदेश, केंद्र-पुलिस से जवाब तलब