LCIT कॉलेज छेड़छाड़ कांड, हाई कोर्ट में सुनवाई से ठीक 2 दिन पहले आरोपी शिक्षक असीम मुखर्जी गिरफ्तार, छुड़ाने के लिए बजने लगे रसूखदारों के फोन
बिलासपुर. शिक्षा के मंदिर को कलंकित करने वाले परसदा स्थित LCIT स्कूल/कॉलेज के शिक्षक को पुलिस ने आखिरकार सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। IKS (इंडियन नॉलेज सिस्टम) की परीक्षा के दौरान एक छात्रा से चेकिंग के नाम पर छेड़छाड़ करने वाले आरोपी शिक्षक असीम मुखर्जी को चकरभाठा पुलिस ने आज गिरफ्तार कर लिया। घटना करीब ढाई महीने पुरानी है, लेकिन आरोपी लगातार पुलिस को चकमा दे रहा था। दिलचस्प पहलू यह है कि हाई कोर्ट में महज 2 दिन बाद ही इस मामले में अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई होनी थी, लेकिन पुलिस ने उससे पहले ही उसे दबोच लिया। वहीं, गिरफ्तारी की भनक लगते ही आरोपी को बचाने के लिए शहर के रसूखदारों के फोन थाने में घनघनाने लगे हैं।
चेकिंग के नाम पर पार की थी सारी हदें
विदित हो कि यह शर्मनाक घटना 29 जनवरी 2026 को घटित हुई थी। पीड़िता IKS की परीक्षा देने के लिए परसदा स्थित LCIT परिसर पहुंची थी। शिकायत के मुताबिक, परीक्षा केंद्र में ड्यूटी पर तैनात LCIT स्कूल के शिक्षक असीम मुखर्जी ने चेकिंग के बहाने छात्रा के साथ अनुचित व्यवहार किया और अश्लील हरकत की। इस अप्रत्याशित घटना से छात्रा बुरी तरह सहम गई थी। मानसिक रूप से आहत होने के बावजूद उसने हिम्मत दिखाई और अगले दिन 30 जनवरी को चकरभाठा थाने पहुंचकर आरोपी शिक्षक के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई।
जमानत की जुगत में था आरोपी, पुलिस ने बिछाया जाल
छात्रा की शिकायत के बाद पुलिस ने त्वरित रूप से प्राथमिक जांच शुरू कर एफआईआर दर्ज कर ली थी। मामला दर्ज होते ही आरोपी असीम मुखर्जी भूमिगत हो गया था। गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया और अग्रिम जमानत याचिका लगा दी थी। इस याचिका पर ठीक दो दिन बाद हाई कोर्ट में अहम सुनवाई होनी है। इसी बीच चकरभाठा पुलिस को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली और एक सटीक घेराबंदी कर आरोपी शिक्षक को आज गिरफ्तार कर लिया गया।
थाने में बजने लगे सफेदपोशों के फोन
सूत्रों की मानें तो जैसे ही शिक्षक असीम मुखर्जी की गिरफ्तारी की खबर कॉलेज प्रबंधन और उसके करीबियों तक पहुंची, उसे छुड़ाने की कवायद तेज हो गई। बताया जा रहा है कि चकरभाठा थाने में शहर के कई सफेदपोशों और रसूखदारों के फोन आने शुरू हो गए हैं। आरोपी को कानूनी रियायत दिलाने और मामले में ढिलाई बरतने का भारी दबाव बनाया जा रहा है। हालांकि, मामला एक छात्रा की अस्मिता से जुड़ा होने के कारण पुलिस फिलहाल किसी भी तरह के दबाव में आने से बच रही है और आगे की वैधानिक कार्रवाई में जुटी है।
विवादों का गढ़ बन चुका है LCIT
गौरतलब है कि LCIT कॉलेज का विवादों से चोली-दामन का साथ रहा है। यह कोई पहला मामला नहीं है जब संस्थान की कार्यप्रणाली पर उंगलियां उठी हैं। इससे पूर्व भी कई गंभीर अनियमितताओं और मुद्दों को लेकर यह संस्थान पत्र-पत्रिकाओं और मीडिया की सुर्खियों में छाया रहा है। परीक्षा जैसे संवेदनशील आयोजन में सुरक्षा के बजाय एक शिक्षक द्वारा ऐसी घिनौनी हरकत किए जाने से शहरवासियों और छात्र-छात्राओं में भारी आक्रोश व्याप्त है।
