ठगी का उस्ताद दीपक टंडन पुलिस की पहुंच से बाहर, कोरबा से सक्ती तक फैला जाल, अब एसपी से न्याय की गुहार

कोरबा। ऊर्जाधानी में पुलिस की सुस्ती और एक शातिर ठग की चालाकी ने खाकी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। दीपका निवासी महेंद्र सिंह से 27 लाख 90 हजार रुपए की ठगी करने वाला आरोपी दीपक उर्फ आंबेडकर टंडन कोर्ट का वारंट जारी होने के बाद भी खुलेआम घूम रहा है। पीड़ित महेंद्र सिंह ने गुरुवार को जिला पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर शिकायत सौंपी और आरोपी की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। पीड़ित का कहना है कि पुलिस और अपराधी की मिलीभगत की वजह से आरोपी अब तक सलाखों के पीछे नहीं पहुंच सका है।

27 लाख हड़पकर पुलिस को दे रहा चकमा

मामला साल 2020 का है जब दीपक टंडन के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज हुआ था। दीपका पुलिस ने 2024 में चार्जशीट तो पेश कर दी लेकिन आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया। महेंद्र सिंह ने बताया कि कोर्ट ने आरोपी की गैरमौजूदगी पर 18 नवंबर और 11 दिसंबर 2024 को भी वारंट जारी किया है। इसके बावजूद पुलिस उसे पकड़ने में दिलचस्पी नहीं दिखा रही है। पीड़ित को डर है कि आरोपी राज्य छोड़कर भाग सकता है।

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सक्ती में कोयला टेंडर के नाम पर 15 लाख की चपत

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ठगी का यह सिलसिला केवल कोरबा तक सीमित नहीं है। सक्ती के किशन शर्मा ने भी पुलिस अधीक्षक से शिकायत की है कि दीपक टंडन ने खुद को रसूखदार बताकर कोयला टेंडर दिलाने के नाम पर उनसे 15 लाख रुपए ऐंठ लिए। गारंटी के तौर पर जो चेक दिए गए वह भी बाउंस हो गए क्योंकि टंडन का वह खाता सालों पहले बंद हो चुका था। किशन शर्मा ने अब बीएनएस की धारा 318 के तहत एफआईआर की मांग की है।

डीएसपी पर आरोप लगाकर बटोरी थीं सुर्खियां

दीपक टंडन वही शख्स है जिसने कुछ समय पहले दंतेवाड़ा की महिला डीएसपी कल्पना वर्मा पर ब्लैकमेलिंग और करोड़ों की ठगी का आरोप लगाकर पूरे प्रदेश में सनसनी फैला दी थी। हालांकि डीएसपी ने इन आरोपों को झूठा बताते हुए मानहानि की बात कही थी। फिलहाल पुलिस इन सभी उलझे हुए मामलों की जांच कर रही है।

नौकरी लगाने के नाम पर भी की वसूली

आरोपी का पुराना रिकॉर्ड खंगालने पर पता चला कि वह लंबे समय से जालसाजी में शामिल है। साल 2018 में सिविल लाइन्स थाने में दर्ज एक मामले के अनुसार उसने जितेंद्र देवांगन नाम के युवक को राजस्व निरीक्षक (RI) भर्ती का पेपर दिलाने का झांसा दिया था। इसके लिए उसने प्रति व्यक्ति 3 लाख रुपए की मांग की थी।

मीडिया के सवालों पर बिफरा आरोपी

हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान जब मीडिया ने दीपक टंडन से उसकी फरारी और वारंट पर सवाल किए तो वह भड़क गया। गोल-मोल जवाब देने के साथ ही वह पत्रकारों पर ही सवाल उठाने लगा। सूत्रों की मानें तो आरोपी के पास कई प्रभावशाली लोगों के राज दफन हैं जिसके दम पर वह अब तक गिरफ्तारी से बचता आ रहा है।

लेखक के विषय में

मनीशंकर पांडेय Picture

मणिशंकर पांडेय National Jagat Vision के संस्थापक, मालिक एवं मुख्य संपादक हैं। वे निष्पक्ष, सटीक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य देश-दुनिया की सच्ची और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुँचाना है।

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