हाईकोर्ट का सख्त एक्शन: आदेश की अनदेखी पर शिक्षा विभाग के JD को अवमानना नोटिस, जवाब तलब
बिलासपुर। न्यायालय के आदेश का समय पर पालन नहीं करने के मामले में हाईकोर्ट ने स्कूल शिक्षा विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी के खिलाफ सख्त रुख अपनाया है। न्यायमूर्ति बिभू दत्त गुरु की एकलपीठ ने शिक्षा संभाग बिलासपुर के संयुक्त संचालक (JD) आर.पी. आदित्य को अवमानना नोटिस जारी करते हुए जवाब तलब किया है। यह आदेश याचिकाकर्ता संजय साहू द्वारा दायर अवमानना याचिका पर सुनवाई के दौरान पारित किया गया।
मामला मुंगेली जिले में सहायक कार्यक्रम समन्वयक (समग्र शिक्षा) के पद पर पदस्थ रहे संजय साहू के निलंबन और बहाली से जुड़ा है। संजय साहू को 18 सितंबर 2024 को निलंबित किया गया था। उनका आरोप है कि विभाग ने बिना विभागीय जांच शुरू किए उन्हें लंबे समय तक निलंबित रखा और न ही उन्हें अपना पक्ष रखने का अवसर दिया।
इसी के खिलाफ संजय साहू ने हाईकोर्ट में WPS No. 3235/2026 दायर की थी। मामले की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने 15 अप्रैल 2026 को आदेश जारी करते हुए संबंधित अधिकारी को निर्देश दिया था कि याचिकाकर्ता द्वारा 12 मार्च 2026 को प्रस्तुत अभ्यावेदन पर 45 दिनों के भीतर कानून के अनुरूप निर्णय लिया जाए।
याचिकाकर्ता का कहना है कि न्यायालय के आदेश की प्रति प्राप्त होने और निर्धारित समय-सीमा समाप्त होने के बावजूद संयुक्त संचालक कार्यालय, शिक्षा संभाग बिलासपुर ने न तो उनके अभ्यावेदन पर कोई अंतिम निर्णय लिया और न ही बहाली के संबंध में कोई ठोस कार्रवाई की। आरोप है कि यह स्थिति न्यायालय के स्पष्ट निर्देशों की अवहेलना के समान है।
निर्धारित अवधि में आदेश का पालन नहीं होने पर संजय साहू ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की। मामले की गंभीरता को देखते हुए न्यायालय ने शिक्षा संभाग बिलासपुर के संयुक्त संचालक आर.पी. आदित्य के खिलाफ अवमानना नोटिस जारी कर उनसे जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
