- Hindi News
- छत्तीसगढ़
- सरकार के अपने ही सिस्टम पर सवाल! PWD चीफ इंजीनियर पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप, पूर्व गृहमंत्री ननकी
सरकार के अपने ही सिस्टम पर सवाल! PWD चीफ इंजीनियर पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप, पूर्व गृहमंत्री ननकी राम कंवर ने PM और CS को लिखा पत्र, CBI जांच की मांग
रायपुर। छत्तीसगढ़ के लोक निर्माण विभाग में कथित भ्रष्टाचार को लेकर सियासी और प्रशासनिक हलकों में हलचल तेज हो गई है। राज्य के पूर्व गृहमंत्री ननकी राम कंवर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्य सचिव विकासशील और PWD सचिव कमलप्रीत सिंह को पत्र भेजकर विभाग के चीफ इंजीनियर विजय कुमार भतपहरी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कंवर ने पत्र में नियमों की अनदेखी, चहेते ठेकेदारों को अनुचित लाभ और बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताओं का उल्लेख करते हुए केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से निष्पक्ष जांच की मांग की है।
पूर्व गृहमंत्री ने अपने पत्र में दावा किया है कि विजय कुमार भतपहरी ने विभिन्न पदों पर रहते हुए विभागीय प्रक्रियाओं को दरकिनार कर चुनिंदा ठेकेदारों को लगातार काम सौंपा, जिससे न केवल सरकारी धन का दुरुपयोग हुआ बल्कि शासन की छवि को भी नुकसान पहुंचा। कंवर का आरोप है कि यह पूरा तंत्र कमीशनखोरी और प्रभाव के सहारे लंबे समय से संचालित होता रहा है।
ननकी राम कंवर ने यह भी कहा है कि भतपहरी के खिलाफ पहले से ही गंभीर शिकायतें और आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं, बावजूद इसके प्रभावशाली राजनीतिक संरक्षण के चलते उन मामलों में कोई निर्णायक कार्रवाई नहीं हो सकी। उन्होंने पत्र में उल्लेख किया कि वर्ष 2011 और 2015 में EOW/ACB रायपुर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज प्रकरण आज भी लंबित हैं, जो सिस्टम की निष्क्रियता पर सवाल खड़े करते हैं।



पत्र में लोक निर्माण विभाग की पदोन्नति प्रक्रिया पर भी गंभीर आपत्ति जताई गई है। कंवर के अनुसार, लंबित मामलों को नजरअंदाज कर या छिपाकर अधिकारियों को पदोन्नति दी गई, जिससे न केवल विभागीय नियमों का उल्लंघन हुआ बल्कि चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता भी प्रभावित हुई। उन्होंने इसे प्रशासनिक ईमानदारी के लिए खतरनाक संकेत बताया है।
सड़क निर्माण से जुड़े एक पुराने मामले का हवाला देते हुए कंवर ने आरोप लगाया कि मानपुर–संबलपुर मार्ग के निर्माण में स्वीकृत राशि से कहीं अधिक भुगतान किया गया। सतर्कता रिपोर्ट में अतिरिक्त खर्च और महत्वपूर्ण दस्तावेजों के गायब होने को गंभीर अनियमितता माना गया था, लेकिन इसके बावजूद कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई।
पूर्व गृहमंत्री ने पत्र के माध्यम से मांग की है कि विजय कुमार भतपहरी को तत्काल पद से हटाया जाए, सभी लंबित मामलों की CBI से जांच कराई जाए और लोक निर्माण विभाग को हुए कथित वित्तीय नुकसान की वसूली सुनिश्चित की जाए। उन्होंने इसे केवल एक अधिकारी का मामला नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम की विश्वसनीयता से जुड़ा विषय बताया है।
लेखक के विषय में
मणिशंकर पांडेय National Jagat Vision के संस्थापक, मालिक एवं मुख्य संपादक हैं। वे निष्पक्ष, सटीक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य देश-दुनिया की सच्ची और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुँचाना है।
