‘अवैध कमाई आएगी तो बराबर बांटेंगे’… गंगाजल लेकर पार्षदों की शपथ का VIDEO वायरल, मचा बवाल

‘अवैध कमाई आएगी तो बराबर बांटेंगे’… गंगाजल लेकर पार्षदों की शपथ का VIDEO वायरल, मचा बवाल

शाहजहांपुर। उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर नगर निगम से जुड़ा एक कथित वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद स्थानीय राजनीति में हलचल तेज हो गई है। वीडियो में कुछ पार्षद हाथ में गंगाजल लेकर कथित तौर पर नगर निगम से मिलने वाली ‘आमदनी’ को आपस में बांटने और एक-दूसरे का साथ नहीं छोड़ने की शपथ लेते नजर आ रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद विपक्ष ने नगर निगम की कार्यप्रणाली और कथित भ्रष्टाचार को लेकर गंभीर सवाल उठाए हैं। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और नगर आयुक्त ने इसे पुराना वीडियो बताते हुए पूरे मामले की जांच कराने की बात कही है।

गंगाजल हाथ में लेकर क्या बोल रहे हैं पार्षद?
वायरल वीडियो में कुछ पार्षद एक साथ खड़े दिखाई दे रहे हैं। उनके हाथ में गंगाजल नजर आ रहा है और वे कथित तौर पर यह शपथ लेते दिखते हैं कि निगम से होने वाली ‘आमदनी’ को सभी के बीच बराबर बांटा जाएगा। वीडियो में कथित रूप से यह भी कहा जा रहा है कि समूह के किसी सदस्य पर मुश्किल आने पर बाकी लोग उसके साथ खड़े रहेंगे और आपस में ‘गद्दारी’ नहीं करेंगे। वीडियो में जिस ‘आमदनी’ का जिक्र बताया जा रहा है, उसे लेकर सोशल मीडिया पर इसे अवैध कमीशन से जोड़कर दावे किए जा रहे हैं। हालांकि, इन दावों की वास्तविकता जांच के बाद ही स्पष्ट होगी।

कांग्रेस ने लगाए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
वीडियो वायरल होने के बाद कांग्रेस के जिला अध्यक्ष रजनीश गुप्ता ने नगर निगम को लेकर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि निर्वाचित प्रतिनिधियों की ओर से इस तरह की कथित शपथ सामने आना निगम में भ्रष्टाचार की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े करता है। उन्होंने जांच की मांग करते हुए यह भी सवाल उठाया कि यदि वीडियो में कही गई बातें सही हैं, तो कथित तौर पर पैसा कहां से आ रहा था, किसके बीच बांटा जा रहा था और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे ?

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नगर आयुक्त बोलीं- वीडियो पुराना, जांच कराई जाएगी
विवाद बढ़ने के बाद नगर आयुक्त सौम्या गुरु रानी ने फोन पर जानकारी दी कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा वीडियो वर्ष 2025 का बताया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मामले की वास्तविकता सामने लाने के लिए जिलाधिकारी से चर्चा कर जांच कराई जाएगी। जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि वीडियो किस संदर्भ में बनाया गया था और उसमें दिखाई दे रहे लोगों के कथित बयान की वास्तविकता क्या है ?

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वायरल वीडियो ने खड़े किए कई सवाल
फिलहाल, इस वीडियो ने शाहजहांपुर नगर निगम की राजनीति को गरमा दिया है। एक तरफ विपक्ष कथित भ्रष्टाचार की जांच की मांग कर रहा है, तो दूसरी तरफ प्रशासन पुराने वीडियो और जांच की बात कर रहा है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि वीडियो में कही जा रही बातें वास्तव में किस संदर्भ में थीं और क्या कथित ‘कमीशन’ या अवैध कमाई से जुड़े आरोपों में कोई सच्चाई है? इन सवालों का जवाब प्रशासनिक जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।

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