छत्तीसगढ़ में धर्मांतरण विरोधी कानून का प्रस्ताव: जबरन धर्मांतरण पर 10 साल तक सजा, 60 दिन पहले प्रशासन को सूचना अनिवार्य

रायपुर: छत्तीसगढ़ सरकार जबरन और लालच या धोखाधड़ी के जरिए धर्मांतरण पर कड़ी कार्रवाई करने जा रही है। आगामी विधानसभा के शीतकालीन सत्र (14 से 17 दिसंबर) में नया धर्मांतरण विरोधी कानून पेश किया जाएगा।

नए कानून के प्रावधानों के अनुसार:

  • जबरन या प्रलोभन देकर धर्म बदलवाने पर अधिकतम 10 साल की सजा।
  • धर्म परिवर्तन से कम से कम 60 दिन पहले प्रशासन को सूचना देना अनिवार्य।
  • यह कानून पुराने 1968 के अधिनियम की जगह लेगा, जिसमें अब तक केवल 1 साल की जेल और 5,000 रुपये जुर्माना था।

सरकार का कहना है कि बस्तर, जशपुर और रायगढ़ जैसे आदिवासी क्षेत्रों में धर्मांतरण को लेकर विवाद बढ़ रहे हैं, इसलिए यह कदम जरूरी है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पहले ही अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि चंगाई सभाओं के नाम पर होने वाले संदिग्ध धर्मांतरणों पर कड़ी निगरानी रखी जाए।

Read More बिलासपुर भू-अभिलेख शाखा में अधीक्षक का सिक्का, छह साल से एक ही कुर्सी पर कब्जा

सरकार का उद्देश्य स्पष्ट है:

Read More बजट सत्र में दिखेंगे कवासी लखमा: सख्त शर्तों के साथ मिली अनुमति, ‘नो स्पीच’ नियम रहेगा लागू

  • जबरन धर्मांतरण पर रोक लगाना
  • आदिवासी क्षेत्रों में सामाजिक तनाव कम करना
  • धार्मिक स्वतंत्रता के साथ-साथ कानून-व्यवस्था को मजबूत करना

लेखक के विषय में

मनीशंकर पांडेय Picture

मणिशंकर पांडेय National Jagat Vision के संस्थापक, मालिक एवं मुख्य संपादक हैं। वे निष्पक्ष, सटीक और जनहित से जुड़ी पत्रकारिता के लिए प्रतिबद्ध हैं। उनका उद्देश्य देश-दुनिया की सच्ची और विश्वसनीय खबरें पाठकों तक पहुँचाना है।

More News

Lucknow Drum Murder Case: बेटे ने की पिता की हत्या, शव के टुकड़े कर ड्रम में छिपाया, हैरान करने वाला खुलासा

राज्य

Lucknow Drum Murder Case: बेटे ने की पिता की हत्या, शव के टुकड़े कर ड्रम में छिपाया, हैरान करने वाला खुलासा Lucknow Drum Murder Case: बेटे ने की पिता की हत्या, शव के टुकड़े कर ड्रम में छिपाया, हैरान करने वाला खुलासा
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसने पूरे शहर को झकझोर कर रख...
‘केरल’ अब बनेगा ‘केरलम’: मोदी कैबिनेट की मुहर, सेवातीर्थ में पहली बैठक में बड़ा फैसला
झूंसी POCSO मामला: गिरफ्तारी से बचाव के लिए हाई कोर्ट पहुंचे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद, दाखिल की अग्रिम जमानत याचिका
‘डरो मत, सच और संविधान हमारे साथ…’ उदय भानु चिब की गिरफ्तारी पर राहुल गांधी का तीखा वार, केंद्र पर तानाशाही का आरोप
भारत की पहली व्यापक एंटी टेरर पॉलिसी ‘PRAHAAR’ लॉन्च, साइबर, ड्रोन और CBRN खतरों पर खास फोकस