कमिश्नरी सिस्टम पर कानूनी सवाल: हाईकोर्ट ने गृह सचिव और इंदौर पुलिस आयुक्त को जारी किया नोटिस, जाने क्या है मामला.....

कमिश्नरी सिस्टम पर कानूनी सवाल: हाईकोर्ट ने गृह सचिव और इंदौर पुलिस आयुक्त को जारी किया नोटिस, जाने क्या है मामला.....

इंदौर। मध्य प्रदेश के प्रमुख शहरों में लागू पुलिस कमिश्नरी व्यवस्था अब न्यायिक समीक्षा के दायरे में आ गई है। Madhya Pradesh High Court ने एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए राज्य के गृह सचिव और इंदौर पुलिस आयुक्त को नोटिस जारी कर चार सप्ताह के भीतर जवाब तलब किया है।

क्या है विवाद का केंद्र?
याचिका में प्रश्न उठाया गया है कि सहायक पुलिस आयुक्त (ACP) स्तर के अधिकारियों को मजिस्ट्रियल शक्तियां प्रदान करना वैधानिक प्रावधानों के अनुरूप है या नहीं। इंदौर में कमिश्नरी प्रणाली लागू होने के दौरान दंड प्रक्रिया संहिता (CrPC) के तहत अधिसूचना जारी की गई थी। बाद में नए आपराधिक कानून लागू होने के उपरांत इसमें संशोधन किए गए।

याचिकाकर्ता का तर्क है कि वर्तमान कानूनी ढांचे के अनुसार मजिस्ट्रेट शक्तियां केवल पुलिस अधीक्षक या समकक्ष अथवा उससे उच्च पदस्थ अधिकारियों को ही दी जा सकती हैं। एसीपी रैंक को यह अधिकार देना नियमों की भावना के विपरीत बताया गया है।

Read More 4.8 करोड़ का खिलाड़ी बाहर या वापसी करेगा धमाके से? खलील अहमद की चोट ने CSK कैंप में बढ़ाई बेचैनी

आंकड़ों का हवाला
याचिका में एक एसीपी के कार्यकाल के आंकड़े प्रस्तुत किए गए हैं, जिनमें कथित रूप से हजारों व्यक्तियों के विरुद्ध निरोधात्मक कार्रवाई के आदेश पारित किए जाने का उल्लेख है। शहर में पदस्थ 16 एसीपी में से अधिकांश को मजिस्ट्रियल अधिकार दिए जाने की बात भी सामने आई है।

Read More राज्यसभा में फिर हरिवंश का दबदबा: तीसरी बार निर्विरोध उपसभापति चुने गए, पीएम मोदी ने दी बधाई

प्रशासन का पक्ष
इंदौर पुलिस प्रशासन का कहना है कि एसीपी को प्रदत्त शक्तियां राज्य सरकार की विधिवत गजट अधिसूचना के आधार पर हैं और सभी कार्रवाई वैधानिक प्रावधानों के अनुरूप की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार कमिश्नरी व्यवस्था के तहत कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से यह अधिकार संरचना निर्धारित की गई है।

अगली सुनवाई पर नजर
हाईकोर्ट द्वारा मांगे गए जवाब के बाद मामले की अगली सुनवाई होगी, जिसमें यह स्पष्ट होगा कि संबंधित प्रावधानों की न्यायिक व्याख्या किस दिशा में जाती है। फिलहाल इंदौर में लागू कमिश्नरी सिस्टम की वैधता और एसीपी को दी गई मजिस्ट्रेट शक्तियों पर कानूनी बहस तेज हो गई है।

Tags:

Latest News

बिलासपुर SSP रजनेश सिंह का एक्शन: बीट सिस्टम होगा और मजबूत, चप्पे-चप्पे पर रहेगी नजर; उत्कृष्ट कार्य करने वाले 18 पुलिसकर्मी होंगे पुरस्कृत बिलासपुर SSP रजनेश सिंह का एक्शन: बीट सिस्टम होगा और मजबूत, चप्पे-चप्पे पर रहेगी नजर; उत्कृष्ट कार्य करने वाले 18 पुलिसकर्मी होंगे पुरस्कृत
नेपाल में सख्ती से सीमा पर तनाव: PM बालेन शाह के नए आदेशों से कस्टम ड्यूटी और भारतीय वाहनों पर बढ़ा विवाद
अब और नहीं राजनीति: महिला आरक्षण बिल पर वोटिंग से पहले पीएम मोदी की भावुक अपील, ‘आधी आबादी को मिले उनका हक’
पैसे लिए पट्टा देने के, अब बना रहे कमर्शियल कॉम्प्लेक्स: बिलासपुर नगर निगम की 'बुलडोजर नीति' पर हाई कोर्ट का ब्रेक, लिंगियाडीह के निवासियों को बड़ी राहत
Census 2027 से बचने की ‘जुगाड़’: मेटरनिटी लीव से मेडिकल बहाने तक, ड्यूटी से किनारा कर रहे कर्मचारी
Bilaspur High Court: यह बेंच हंटिंग का स्पष्ट मामला है, कतई बर्दाश्त नहीं... मस्तूरी गोलीकांड के आरोपियों की चालाकी पर चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा की तल्ख टिप्पणी
सड़क हादसे के बाद हिंसा: फोगरम गांव में पुलिस पर हमला, 17 नामजद में 5 गिरफ्तार, बाकी की तलाश जारी
छत्तीसगढ़ में बढ़ी गर्मी की मार: येलो अलर्ट जारी, अस्पतालों में दवाइयों और इंतजाम दुरुस्त करने के निर्देश
होर्मुज में जहाजों पर हमलों पर भारत का कड़ा रुख: UN में बोला- ‘समुद्री सुरक्षा से समझौता नहीं’, तनाव घटाने की अपील
राज्यसभा में फिर हरिवंश का दबदबा: तीसरी बार निर्विरोध उपसभापति चुने गए, पीएम मोदी ने दी बधाई
CM को जान से मारने की धमकी: बांका के युवक पर केस दर्ज, दो जिलों की पुलिस ने संभाली जांच
रायपुर निगम में 100 एकड़ जमीन की फाइल गायब: जोन-10 से उठी बड़ी गड़बड़ी की बू, बिल्डरों को फायदा पहुंचाने की आशंका