बांग्लादेश हिंसा का आरोपी भारत में दबोचा: फिनलैंड भागने की कोशिश नाकाम, एयरपोर्ट से डिपोर्ट
नई दिल्ली: अंतरराष्ट्रीय इमिग्रेशन अलर्ट के आधार पर भारतीय एजेंसियों ने बांग्लादेश में दर्ज हत्या के एक मामले में फरार आरोपी को एयरपोर्ट पर हिरासत में लिया और कानूनी प्रक्रिया पूरी कर उसे बांग्लादेश डिपोर्ट कर दिया है। पकड़े गए व्यक्ति की पहचान महदी अहमद रजा हसन के रूप में हुई है। अधिकारियों के मुताबिक, वह भारत के रास्ते फिनलैंड भागने की फिराक में था।
क्या हैं आरोप?
इमिग्रेशन सूत्रों के अनुसार, महदी अहमद रजा हसन पर बांग्लादेश में हुई हिंसा के दौरान एक हिंदू पुलिस अधिकारी संतोष चौधरी की हत्या का आरोप है। यह मामला Bangladesh में दर्ज है और आरोपी की तलाश जारी थी। इंटर-एजेंसी इनपुट और वॉचलिस्ट अलर्ट के आधार पर उसे रोका गया।
कैसे पकड़ा गया?
प्राथमिक जानकारी के मुताबिक, आरोपी अंतरराष्ट्रीय उड़ान से यूरोप के लिए रवाना होने वाला था। दस्तावेजों की जांच के दौरान संदिग्ध इनपुट मिलने पर इमिग्रेशन अधिकारियों ने उसे हिरासत में लिया। आवश्यक कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद स्थापित प्रोटोकॉल के तहत उसे संबंधित प्राधिकरणों को सौंपते हुए बांग्लादेश भेज दिया गया।
सीमा-पार अपराध पर सख्ती
भारतीय एजेंसियों का कहना है कि सीमा-पार अपराध और वांछित आरोपियों पर निगरानी के लिए इमिग्रेशन चेक, डेटा-शेयरिंग और अलर्ट मैकेनिज्म को और मजबूत किया गया है। इस कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय सहयोग और सूचना-साझाकरण की प्रभावी मिसाल माना जा रहा है। बांग्लादेश में अब आगे की कानूनी कार्रवाई वहां के कानून के तहत की जाएगी।
