चीन की कोयला खदान में भीषण धमाका: 90 मजदूरों की मौत, कई अब भी लापता
नई दिल्ली: चीन के उत्तरी शांक्सी प्रांत में स्थित लियुशेन्यु कोयला खदान में हुए भीषण गैस विस्फोट ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। शुक्रवार देर रात हुए इस दर्दनाक हादसे में अब तक 90 मजदूरों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई श्रमिक अब भी लापता बताए जा रहे हैं। हादसे के समय खदान के भीतर सैकड़ों मजदूर काम कर रहे थे। विस्फोट इतना जबरदस्त था कि खदान के कई हिस्से पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और अंदर फंसे श्रमिकों तक पहुंचना राहत टीमों के लिए बड़ी चुनौती बन गया।
चीनी सरकारी मीडिया के अनुसार, दुर्घटना किनयुआन काउंटी स्थित कोयला खदान में गैस रिसाव के बाद हुए विस्फोट की वजह से हुई। शुरुआती रिपोर्ट में मृतकों की संख्या कम बताई गई थी, लेकिन जैसे-जैसे राहत अभियान आगे बढ़ा, मौतों का आंकड़ा तेजी से बढ़ता गया। बचाव दल ने 200 से ज्यादा मजदूरों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया है, जबकि कई लोगों की तलाश अब भी जारी है। घटनास्थल पर मेडिकल टीमें, दमकलकर्मी और आपदा राहत एजेंसियां लगातार अभियान चला रही हैं।
हादसे के बाद चीन के राष्ट्रपति Xi Jinping ने अधिकारियों को तत्काल बचाव कार्य तेज करने, घायलों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने और दुर्घटना के कारणों की निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं। वहीं प्रधानमंत्री Li Qiang ने भी सुरक्षा मानकों में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है। सरकार ने खदान संचालित करने वाली कंपनी के कई अधिकारियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है।
यह हादसा पिछले कई वर्षों में चीन के सबसे भयावह खनन हादसों में से एक माना जा रहा है। हालांकि चीन ने बीते दशक में खदान सुरक्षा नियमों को सख्त किया है, लेकिन इसके बावजूद ऐसे हादसे लगातार गंभीर सवाल खड़े कर रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि अत्यधिक उत्पादन दबाव और सुरक्षा मानकों की अनदेखी कई बार बड़े हादसों की वजह बन जाती है। फिलहाल पूरे इलाके में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है और राहत अभियान युद्धस्तर पर जारी है।
