फिट दिखने वाले बॉडीबिल्डरों की कम उम्र में क्यों हो रही मौत? 2025 में 56 एथलीट्स ने गंवाई जान, रिसर्च में सामने आए चौंकाने वाले कारण

फिट दिखने वाले बॉडीबिल्डरों की कम उम्र में क्यों हो रही मौत? 2025 में 56 एथलीट्स ने गंवाई जान, रिसर्च में सामने आए चौंकाने वाले कारण

बॉडीबिल्डिंग को ताकत, फिटनेस और अनुशासन का प्रतीक माना जाता है। लेकिन पिछले कुछ वर्षों में कई युवा और पेशेवर बॉडीबिल्डरों की कम उम्र में हुई मौतों ने स्वास्थ्य विशेषज्ञों और खेल जगत की चिंता बढ़ा दी है। बाहर से पूरी तरह फिट नजर आने वाले कई एथलीट हार्ट अटैक, कार्डियक अरेस्ट या अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं के कारण अचानक अपनी जान गंवा रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि इन मामलों के पीछे एक नहीं, बल्कि कई कारण एक साथ काम करते हैं। इनमें अत्यधिक हैवी ट्रेनिंग, परफॉर्मेंस बढ़ाने वाली दवाओं का इस्तेमाल, शरीर में पानी की कमी (डिहाइड्रेशन) और प्रतियोगिताओं से पहले तेजी से वजन घटाने जैसी प्रथाएं शामिल हो सकती हैं।

2025 में 56 बॉडीबिल्डरों की मौत, औसत उम्र सिर्फ 35 वर्ष
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वर्ष 2025 में दुनियाभर में 56 प्रतिस्पर्धी बॉडीबिल्डरों की मौत दर्ज की गई। इनकी औसत उम्र लगभग 35 वर्ष थी और अधिकांश मामलों में मौत का कारण हृदय संबंधी समस्याएं बताई गईं। इन्हीं मामलों में भारत के प्रसिद्ध बॉडीबिल्डर और अभिनेता वरिंदर सिंह घुमन का नाम भी शामिल है, जिनका सर्जरी के दौरान कार्डियक अरेस्ट से निधन हो गया। इसी तरह ब्राजील, अमेरिका, रूस और अन्य देशों के कई युवा बॉडीबिल्डरों की अचानक मौत ने इस खेल से जुड़े स्वास्थ्य जोखिमों पर सवाल खड़े किए हैं।

20,000 से ज्यादा बॉडीबिल्डरों पर हुई स्टडी में क्या सामने आया?
एक अध्ययन में इटली के शोधकर्ताओं ने 2005 से 2020 के बीच 20,300 से अधिक प्रतिस्पर्धी बॉडीबिल्डरों के स्वास्थ्य संबंधी आंकड़ों का विश्लेषण किया।

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अध्ययन के प्रमुख निष्कर्ष

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  • कुल 121 मौतें दर्ज की गईं।
  • इनमें 46 मौतें अचानक कार्डियक अरेस्ट के कारण हुईं।
  • मृतकों की औसत आयु 34.7 वर्ष रही।
  • पेशेवर बॉडीबिल्डरों में शौकिया खिलाड़ियों की तुलना में अचानक कार्डियक अरेस्ट का जोखिम लगभग पांच गुना अधिक पाया गया।

शोधकर्ताओं के अनुसार, यह अध्ययन कारण-और-परिणाम को अंतिम रूप से साबित नहीं करता, लेकिन कुछ जोखिम कारकों की ओर स्पष्ट संकेत देता है।

आखिर क्यों बढ़ रहा है जोखिम?
विशेषज्ञों के मुताबिक, निम्न कारण हृदय और शरीर पर अतिरिक्त दबाव डाल सकते हैं

  • एनाबॉलिक स्टेरॉयड और अन्य परफॉर्मेंस बढ़ाने वाली दवाओं का दुरुपयोग
  • प्रतियोगिता से पहले तेजी से वजन कम करना
  • शरीर में पानी की अत्यधिक कमी (डिहाइड्रेशन)
  • अत्यधिक हैवी वेट ट्रेनिंग
  • बिना चिकित्सकीय निगरानी के सप्लीमेंट्स या इंजेक्शन का इस्तेमाल

लंबे समय तक अत्यधिक सख्त डाइट का पालन
इन सभी कारकों का संयुक्त प्रभाव हृदय, रक्तचाप और शरीर के अन्य अंगों पर गंभीर असर डाल सकता है।

स्टेरॉयड से जुड़े क्या हैं खतरे?
2025 में प्रकाशित एक अन्य अध्ययन में स्टेरॉयड का इस्तेमाल करने वाले 1,189 पुरुषों की तुलना लगभग 60,000 सामान्य पुरुषों से की गई।

शोध में पाया गया कि स्टेरॉयड लेने वालों में

  • कार्डियोमायोपैथी (दिल की मांसपेशियों की कमजोरी) का खतरा कई गुना अधिक था।
  • हार्ट अटैक का जोखिम बढ़ा हुआ पाया गया।
  • गंभीर हृदय गति संबंधी समस्याओं की संभावना भी अधिक देखी गई।

विशेषज्ञों के अनुसार, एनाबॉलिक स्टेरॉयड ब्लड प्रेशर बढ़ाने, धमनियों में वसा जमा होने और हृदय की संरचना में बदलाव जैसी समस्याओं का कारण बन सकते हैं।

पोस्टमार्टम रिपोर्टों में क्या मिला?
कई मृत बॉडीबिल्डरों की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में दिल का आकार सामान्य से बड़ा (Cardiomegaly) और हृदय की मांसपेशियों का असामान्य रूप से मोटा होना पाया गया। कुछ अध्ययनों में यह भी सामने आया कि प्रतिस्पर्धी बॉडीबिल्डरों में हृदय का वजन सामान्य व्यक्तियों की तुलना में काफी अधिक हो सकता है। हालांकि विशेषज्ञ स्पष्ट करते हैं कि ऐसे बदलाव हर बॉडीबिल्डर में नहीं पाए जाते और इनके पीछे कई अलग-अलग चिकित्सकीय कारण हो सकते हैं।

फिट दिखना हमेशा स्वस्थ होने का संकेत नहीं
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि केवल मजबूत शरीर या अधिक मांसपेशियां होने का मतलब यह नहीं है कि व्यक्ति पूरी तरह स्वस्थ है। यदि फिटनेस के लिए असुरक्षित तरीकों, प्रतिबंधित दवाओं या अत्यधिक शारीरिक दबाव का सहारा लिया जाए, तो गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा हो सकते हैं।

सुरक्षित बॉडीबिल्डिंग के लिए विशेषज्ञों की सलाह

  • केवल प्रशिक्षित कोच की निगरानी में ट्रेनिंग करें।
  • बिना डॉक्टर की सलाह के स्टेरॉयड या परफॉर्मेंस बढ़ाने वाली दवाओं का उपयोग न करें।
  • नियमित हार्ट चेकअप और मेडिकल स्क्रीनिंग कराएं।
  • पर्याप्त नींद, संतुलित आहार और सही हाइड्रेशन बनाए रखें।
  • प्रतियोगिता की तैयारी वैज्ञानिक और सुरक्षित तरीके से करें।

Disclaimer: यह लेख उपलब्ध मीडिया रिपोर्ट्स और प्रकाशित वैज्ञानिक अध्ययनों पर आधारित सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसमें दिए गए निष्कर्ष सभी बॉडीबिल्डरों पर समान रूप से लागू नहीं होते। यदि आप पेशेवर ट्रेनिंग, सप्लीमेंट्स या परफॉर्मेंस बढ़ाने वाली दवाओं का उपयोग कर रहे हैं, तो किसी योग्य खेल चिकित्सा विशेषज्ञ या चिकित्सक से सलाह अवश्य लें।

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