जल संरक्षण नियमों की अनदेखी पड़ी भारी! NGT ने रायपुर समेत 3 बड़े क्रिकेट स्टेडियमों में खेल गतिविधियों पर लगाई रोक
रायपुर। देश में बढ़ते जल संकट और भूजल संरक्षण को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) ने सख्त रुख अपनाते हुए रायपुर, मुंबई और जयपुर के तीन प्रमुख क्रिकेट स्टेडियमों में सभी खेल गतिविधियों पर अंतरिम रोक लगा दी है। ट्रिब्यूनल ने स्पष्ट किया है कि अगली सुनवाई तक उसकी अनुमति के बिना इन स्टेडियमों में किसी भी प्रकार का मैच, खेल आयोजन या अन्य गतिविधि आयोजित नहीं की जा सकेगी।
रायपुर समेत इन स्टेडियमों पर लागू हुआ आदेश
एनजीटी के आदेश के दायरे में रायपुर का शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम, मुंबई का डॉ. डी.वाई. पाटिल स्टेडियम और जयपुर का सवाई मानसिंह स्टेडियम शामिल हैं। यह फैसला पर्यावरणीय मानकों और जल संरक्षण संबंधी निर्देशों के अनुपालन की समीक्षा के बाद लिया गया है।
जल संरक्षण नियमों के पालन में मिली कमी
सुनवाई के दौरान ट्रिब्यूनल ने पाया कि संबंधित स्टेडियमों में भूजल के अत्यधिक उपयोग को कम करने, सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) से उपचारित पानी के उपयोग, वर्षा जल संचयन (Rainwater Harvesting) और जल प्रबंधन से जुड़े आवश्यक उपायों के पालन को लेकर संतोषजनक प्रगति नहीं दिखाई गई। कई बार निर्देश और नोटिस जारी होने के बावजूद अपेक्षित अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं किए जाने पर एनजीटी ने यह अंतरिम प्रतिबंध लगाया।
पर्यावरणीय जिम्मेदारी निभाने की जरूरत
ट्रिब्यूनल ने टिप्पणी करते हुए कहा कि देश के कई हिस्से गंभीर जल संकट का सामना कर रहे हैं। ऐसे में बड़े खेल परिसरों की जिम्मेदारी केवल खेल आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और पर्यावरणीय मानकों का पालन करना भी उनकी जिम्मेदारी है। यदि संस्थान निर्धारित नियमों का पालन नहीं करते हैं, तो सख्त कार्रवाई आवश्यक हो जाती है।
2021 के निर्देशों से जुड़ा मामला
यह मामला वर्ष 2021 में एनजीटी द्वारा जारी उन निर्देशों से जुड़ा है, जिनमें खेल मंत्रालय, जल शक्ति मंत्रालय, बीसीसीआई और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) को स्टेडियमों में जल संरक्षण संबंधी मानक तय करने और वैकल्पिक जल स्रोतों के उपयोग को बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए थे। इसी क्रम में देशभर के 22 स्टेडियमों से अनुपालन रिपोर्ट मांगी गई थी, जिनमें इन तीन स्टेडियमों के संबंध में गंभीर सवाल उठाए गए।
अगली सुनवाई 17 अगस्त को
एनजीटी ने केंद्रीय भूजल प्राधिकरण (CGWA) को चार सप्ताह के भीतर विस्तृत अनुपालन रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है। मामले की अगली सुनवाई 17 अगस्त को होगी। तब तक इन तीनों स्टेडियमों में किसी भी खेल आयोजन के लिए ट्रिब्यूनल की अनुमति आवश्यक होगी।
