बिलासपुर में शुरू हुआ जिले का पहला 'अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम', अब अंगूठा लगाते ही मिलेगा पूरा राशन

बिलासपुर में शुरू हुआ जिले का पहला 'अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम', अब अंगूठा लगाते ही मिलेगा पूरा राशन

बिलासपुर : सार्वजनिक वितरण प्रणाली को आधुनिक और पारदर्शी बनाने की दिशा में बिलासपुर जिले को बड़ी सौगात मिली है । सरकंडा क्षेत्र में जिले के पहले ‘अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम’ की शुरुआत उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव ने की । बैंक एटीएम की तर्ज पर काम करने वाली इस मशीन के जरिए राशनकार्डधारी बायोमेट्रिक सत्यापन के बाद अपने हिस्से का चावल सीधे प्राप्त कर सकेंगे । मशीन से राशन की सटीक तौल होगी, जिससे घटतौली और राशन वितरण में होने वाली गड़बड़ियों पर अंकुश लगने की उम्मीद है ।

यह पहल खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने संयुक्त राष्ट्र विश्व खाद्य कार्यक्रम (डब्ल्यूएफपी) के सहयोग से शुरू की है । प्रदेश स्तर पर रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर में अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम की शुरुआत की गई है । इसके साथ ही छत्तीसगढ़ तकनीक आधारित राशन वितरण व्यवस्था लागू करने वाले चुनिंदा राज्यों में शामिल हो गया है ।

अंगूठा लगाते ही मशीन से निकलेगा राशन

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ग्रेन एटीएम से राशन लेने की प्रक्रिया बेहद आसान रखी गई है । हितग्राही को मशीन पर अपना राशनकार्ड अथवा आधार संबंधी जानकारी दर्ज करने के बाद बायोमेट्रिक यानी अंगूठे से पहचान सत्यापित करनी होगी । पहचान की पुष्टि होने के बाद मशीन की स्क्रीन पर उसके हिस्से में मिलने वाले राशन की मात्रा दिखाई देगी । हितग्राही के ओके करने के बाद मशीन के नीचे रखा गया थैला निर्धारित मात्रा में चावल से भर जाएगा । मशीन सटीक तौल के आधार पर राशन उपलब्ध कराएगी । पूरी प्रक्रिया में किसी कर्मचारी के हस्तक्षेप की आवश्यकता नहीं होगी ।

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घटतौली और कालाबाजारी पर लगेगा ब्रेक

अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम की सबसे बड़ी खासियत बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण और स्वचालित तौल व्यवस्था है । बिना पहचान सत्यापन के मशीन से राशन नहीं निकलेगा । इससे फर्जी तरीके से राशन उठाने की संभावना कम होगी । वहीं मशीन द्वारा निर्धारित मात्रा में चावल दिए जाने से कम राशन देने या घटतौली की शिकायतों पर भी रोक लगाने में मदद मिलेगी । तकनीक आधारित इस व्यवस्था से राशन वितरण की निगरानी भी आसान होगी । हितग्राही को उसके हक का राशन सीधे मशीन से मिलेगा, जिससे वितरण प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ेगी ।

24 घंटे राशन लेने की सुविधा

ग्रेन एटीएम शुरू होने के बाद राशनकार्डधारियों को उचित मूल्य की दुकान खुलने का इंतजार नहीं करना पड़ेगा । मशीन से 24 घंटे और सातों दिन राशन लेने की सुविधा का प्रावधान किया गया है । इससे नौकरीपेशा लोगों, मजदूरों और ऐसे परिवारों को विशेष राहत मिलेगी, जिन्हें काम के कारण राशन दुकान के निर्धारित समय पर पहुंचने में परेशानी होती है । लंबी कतारों में खड़े होने की समस्या भी कम होगी । कुछ ही समय में पूरी प्रक्रिया पूरी होने के कारण हितग्राहियों के समय की बचत होगी ।

दूसरे राज्यों के राशनकार्डधारी भी उठा सकेंगे लाभ

अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम को ‘वन नेशन, वन राशनकार्ड’ व्यवस्था से जोड़ा गया है । इसका मतलब है कि दूसरे राज्यों के पात्र राशनकार्डधारी भी बायोमेट्रिक सत्यापन के जरिए यहां से अपने हिस्से का खाद्यान्न प्राप्त कर सकेंगे । बिलासपुर सहित प्रदेश में काम करने वाले प्रवासी मजदूरों के लिए यह सुविधा काफी उपयोगी साबित हो सकती है ।

एक मशीन में करीब 25सौ किलो चावल रखने की क्षमता

अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम में करीब 2500 किलोग्राम चावल रखने की क्षमता बताई गई है । मशीन से निर्धारित मात्रा के अनुसार चावल की आपूर्ति की जाएगी । स्वचालित प्रणाली के कारण राशन वितरण में मानवीय हस्तक्षेप कम होगा और पूरी प्रक्रिया अधिक व्यवस्थित तरीके से संचालित की जा सकेगी ।

पीडीएस में तकनीक का नया प्रयोग

खाद्य मंत्री दयालदास बघेल कार्यक्रम से वर्चुअल माध्यम से जुड़े । उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार सार्वजनिक वितरण प्रणाली को अधिक पारदर्शी, आधुनिक और जनसुविधा केंद्रित बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है । अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम है ।

शुभारंभ कार्यक्रम में विधायक सुशांत शुक्ला, महापौर पूजा विधानी, कलेक्टर संजय अग्रवाल सहित प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और हितग्राही मौजूद रहे । डब्ल्यूएफपी की प्रतिनिधि नजी़नो हॉसीमोनी ने भी इस पहल की सराहना की ।

रायपुर, दुर्ग के बाद बिलासपुर से भी शुरुआत

अन्नपूर्ति ग्रेन एटीएम की शुरुआत प्रदेश में रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर से की गई है । देश के कुछ अन्य राज्यों में भी इस तरह की तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है । छत्तीसगढ़ में इसके विस्तार से आने वाले समय में अधिक संख्या में राशनकार्डधारियों को सुविधा मिलने की उम्मीद है । सरकार का उद्देश्य पीडीएस को ऐसी व्यवस्था में बदलना है, जहां हितग्राही को बिना कतार, बिना घटतौली और बिना परेशानी के उसके हक का पूरा राशन मिल सके ।

 

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