हाईकोर्ट का आदेश: रामकुमार टोप्पो के जाति प्रमाण-पत्र मामले में 90 दिन का अल्टीमेटम, जांच में लेटलतीफी पर कोर्ट सख्त

हाईकोर्ट का आदेश: रामकुमार टोप्पो के जाति प्रमाण-पत्र मामले में 90 दिन का अल्टीमेटम, जांच में लेटलतीफी पर कोर्ट सख्त

2 अप्रैल को हुई थी सुनवाई....

बिलासपुर । छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने जाति प्रमाण-पत्र विवाद से जुड़े एक अहम मामले में सख्ती दिखाई है। मामला रामकुमार टोप्पो के जाति प्रमाण-पत्र का है। अदालत ने रायगढ़ की जिला स्तरीय जाति प्रमाण-पत्र जांच समिति की कछुआ चाल पर नाराजगी जताते हुए निर्देश दिया है कि इस बहुचर्चित मामले की जांच हर हाल में 90 दिनों के भीतर पूरी की जाए।

जस्टिस नरेश कुमार चंद्रवंशी की सिंगल बेंच ने यह अहम फैसला सुनाया है। 

Read More रायपुर संजय नगर सामूहिक मौत मामला: बैटरी कारोबारी ने पहले पत्नी और तीन बच्चों को दिया जहर, फिर खुद लगाई फांसी? जानिए अब तक की पूरी कहानी

क्या है पूरा मामला?

Read More छग के 8 बड़े घोटाले: कोर्ट के फैसले पर टिका 5378 करोड़ की संपत्तियों का भविष्य, जानिए क्या है कानूनी प्रक्रिया

हाईकोर्ट में यह प्रकरण बिहारीलाल तिर्की द्वारा दायर रिट याचिका (सिविल) क्रमांक 1466/2026 के माध्यम से पहुंचा। याचिकाकर्ता के वकील ने अदालत के समक्ष तर्क रखा कि इस मामले में यह उनकी दूसरी याचिका है। इससे पहले साल 2023 में (रिट याचिका क्रमांक 4587/2023) हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया गया था। तब 19 अक्टूबर 2023 को हाईकोर्ट ने यह कहते हुए याचिका का निपटारा किया था कि संबंधित प्राधिकारी कानून के दायरे में रहते हुए आवेदन पर जल्द निर्णय लें।

 

तीन साल से फाइलों में धूल फांक रही जांच

हाईकोर्ट के 2023 के आदेश के बाद रायगढ़ जिला स्तरीय जाति प्रमाण-पत्र जांच समिति ने 22 अक्टूबर 2023 को जांच शुरू तो कर दी, लेकिन इसके बाद मामला ठंडे बस्ते में चला गया। याचिकाकर्ता ने बताया कि करीब तीन साल का लंबा वक्त गुजर जाने के बाद भी जांच में कोई ठोस प्रगति नहीं हुई है, जिसके बाद उन्हें मजबूरन दोबारा हाईकोर्ट की शरण लेनी पड़ी।

 

अधिकारियों के ट्रांसफर का दिया गया हवाला

 

सुनवाई के दौरान राज्य शासन की ओर से सरकारी वकील ने जांच में हुई देरी को लेकर अपना पक्ष रखा। शासन का कहना था कि मामला जिला स्तरीय समिति के पास विचाराधीन है, लेकिन बीच में अधिकारियों के लगातार हुए तबादलों (ट्रांसफर) के कारण यह कार्यवाही पूरी नहीं हो सकी। हालांकि, सरकार ने कोर्ट को भरोसा दिलाया कि अब इसे जल्द से जल्द पूरा कर लिया जाएगा।

हाईकोर्ट का 90 दिन का अल्टीमेटम

 

सभी पक्षों की दलीलें सुनने और केस डायरी (आदेश पत्रकों) का बारीकी से अवलोकन करने के बाद जस्टिस चंद्रवंशी की बेंच ने पाया कि अक्टूबर 2023 से शुरू हुई जांच में अब तक कोई उल्लेखनीय प्रगति नहीं हुई है। कोर्ट ने इस प्रशासनिक ढिलाई को गंभीरता से लिया।

हाईकोर्ट ने प्रतिवादी क्रमांक 4 और 5 (संबंधित जांच अधिकारी और समिति) को कड़े निर्देश देते हुए कहा कि आदेश की प्रति प्राप्त होने की तारीख से ठीक 90 दिनों के भीतर जांच की कार्यवाही अनिवार्य रूप से पूरी की जाए। इस अल्टीमेटम के साथ ही कोर्ट ने लंबित अंतरिम आवेदनों को समाप्त मानते हुए याचिका का निपटारा कर दिया है।

Tags:

Latest News

Rahul Gandhi PC: घायल छात्र को साथ लाकर राहुल गांधी का बड़ा आरोप, बोले- 'प्रदर्शनकारियों पर चली पैलेट गन'; सरकार ने किया खंडन Rahul Gandhi PC: घायल छात्र को साथ लाकर राहुल गांधी का बड़ा आरोप, बोले- 'प्रदर्शनकारियों पर चली पैलेट गन'; सरकार ने किया खंडन
अब वाहनों की गति तेज हुई, तो होगी कार्रवाई, सीसीटीवी से रखी जा रही नज़र
Dhamtari EOW Raid: 22 साल पुराने मामले में मेडिकल स्टोर पर EOW का छापा, जब्त दस्तावेजों से खुल सकते हैं बड़े राज
Kondagaon News: शिक्षकों की कमी पर फूटा पालकों का गुस्सा, PM SHRI स्कूल में जड़ा ताला; बोले- 'एक शिक्षक के भरोसे कैसे चलेगी पढ़ाई?'
18 डिसमिल शासकीय भूमि पर अवैध कब्ज़ा , SDM ने दिए जाँच के आदेश
Raipur Breaking: आमानाका ओवरब्रिज पर तेज रफ्तार कार का कहर, आधा दर्जन वाहनों को मारी टक्कर; महिला चालक मौके से फरार
iPhone Scam Case: iPhone 14 Pro की जगह पार्सल में निकला Beard Oil, उपभोक्ता आयोग ने ई-कॉमर्स कंपनी और सेलर पर लगाया 1.81 लाख रुपये का भुगतान आदेश
CJP Protest Violence: संसद मार्च में हिंसा के आरोपियों पर दिल्ली पुलिस का बड़ा एक्शन, पासपोर्ट रद्द कराने की तैयारी; पहचान अभियान तेज
Kolkata Gold Seizure: 4 किलो सोने के साथ दो लोग गिरफ्तार, हवाला और तस्करी एंगल पर जांच; करोड़ों की खेप ने बढ़ाई एजेंसियों की चिंता
सुबह-सुबह राशन की दुकान में मची अफरा-तफरी! जंगली हाथी ने चावल की बोरियां फाड़ीं, मिनटों में मचाया तांडव
Paper Leak Law: पेपर लीक पर केंद्र सरकार की बड़ी तैयारी, कैबिनेट में आज आ सकता है सख्त कानून; 10 साल या उससे अधिक की जेल और भारी जुर्माने का प्रस्ताव
Raipur Stone Pelting Row: FIR के विरोध में थाने के बाहर कांग्रेस का शक्ति प्रदर्शन, 15 घंटे से धरने पर डटे नेता; केस वापस लेने की मांग