25 करोड़ का फंड और 3 साल का इंतजार: नवा रायपुर की हाईटेक फूड-ड्रग लैब फाइलों में अटकी, सिर्फ 5 कर्मचारियों के भरोसे पूरे प्रदेश की टेस्टिंग

25 करोड़ का फंड और 3 साल का इंतजार: नवा रायपुर की हाईटेक फूड-ड्रग लैब फाइलों में अटकी, सिर्फ 5 कर्मचारियों के भरोसे पूरे प्रदेश की टेस्टिंग

रायपुर | नवा रायपुर में प्रदेश की अत्याधुनिक खाद्य एवं औषधि प्रयोगशाला का प्रोजेक्ट प्रशासनिक प्रक्रियाओं में उलझ कर रह गया है। तीन वर्ष पूर्व, नई लैब के निर्माण के लिए जमीन खरीदी गई और लोक निर्माण विभाग को 25 करोड़ रुपए की राशि भी दे दी गई। इस राज्यस्तरीय जांच केंद्र से आधुनिक तकनीक के जरिए खाद्य पदार्थों और दवाओं की टेस्टिंग की जानी थी। इसके बावजूद, यह परियोजना अब तक जमीनी हकीकत नहीं बन पाई है।

निर्माण कार्य आगे न बढ़ पाने की स्थिति में शासन ने तय किया कि नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा तैयार की गई लैब को ही खाद्य एवं औषधि प्रशासन को हस्तांतरित कर दिया जाए। विभागीय योजना के अनुसार इस बनी-बनाई लैब को छह माह में शुरू होना था। हालांकि, 10 महीने का समय गुजर जाने के बाद भी यह हस्तांतरण प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है।

प्रयोगशाला के व्यवस्थित संचालन के लिए सीजीएमएससी को रिक्वायरमेंट एंड प्लानिंग (आरएपी) का खाका तैयार करना है। लैब में कितने मशीनरी उपकरणों की आवश्यकता होगी, मैनपावर कितना लगेगा और कार्यप्रणाली क्या होगी, यह सब आरएपी में तय होना है। लेकिन मशीनरी और मानव संसाधन का यह आकलन भी अभी तक पूरा नहीं किया जा सका है।

Read More Chhattisgarh Cabinet Meeting: कल होगी साय मंत्रिमंडल की अहम बैठक, कई बड़े फैसलों पर लग सकती है मुहर

नई लैब की अनुपस्थिति में प्रदेशभर के जिलों से आने वाले नमूनों का भार रायपुर के कालीबाड़ी स्थित पुरानी प्रयोगशाला पर ही है। यहां हर साल 3 हजार से अधिक सैंपल पहुंचते हैं, लेकिन जांच का जिम्मा केवल 5 कर्मचारियों पर है। कर्मचारियों और संसाधनों के अभाव के कारण परीक्षण में समय लगता है और रिपोर्ट जारी होने में देरी होती है।

Read More Bilaspur Stunt Video: चलती कार में सनरूफ स्टंट पर हाईकोर्ट सख्त, SSP से मांगा शपथपत्र; पूछा- अब तक क्या कार्रवाई हुई?

वहीं, नई व्यवस्था के शुरू होने पर प्रतिवर्ष 20 हजार सैंपल (16 हजार खाद्य और 4 हजार ड्रग) जांचने की क्षमता विकसित करने का लक्ष्य है। इसके तहत 14 दिनों में रिपोर्ट देने की समय सीमा तय की गई है। लगभग 3 हजार वर्गमीटर क्षेत्र में बनने वाली इस लैब की दो मंजिला इमारत में निचले तल पर प्रशासनिक कामकाज और ऊपरी मंजिल पर टेस्टिंग का काम होगा।

वर्तमान व्यवस्था में विशेष ड्रग परीक्षण और सर्जिकल उपकरणों के प्रमाणीकरण के लिए सैंपल्स बाहरी संस्थाओं को भेजे जाते हैं। नई लैब शुरू होने से ये सभी जांचें प्रदेश के भीतर ही संभव हो सकेंगी। क्षमता विस्तार और आधुनिक तकनीक के बेहतर उपयोग के लिए शुरुआती दौर में पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल अपनाने की भी रूपरेखा बनाई गई है।

विभागीय तैयारियों को लेकर छत्तीसगढ़ के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि नई प्रयोगशाला के लिए आवश्यक मशीनरी और कर्मचारियों हेतु जल्द निविदा प्रक्रिया शुरू की जाएगी। अन्य औपचारिकताएं पूर्ण हो चुकी हैं और लैब को शीघ्र कार्यशील बनाने की दिशा में काम किया जा रहा है।

Error on ReusableComponentWidget
Tags:

Latest News

जेजेएम की सुस्त चाल और अफसरों की लेटलतीफी पर डिप्टी सीएम सख्त, 4 अधिकारियों को शोकॉज नोटिस जेजेएम की सुस्त चाल और अफसरों की लेटलतीफी पर डिप्टी सीएम सख्त, 4 अधिकारियों को शोकॉज नोटिस
25 करोड़ का फंड और 3 साल का इंतजार: नवा रायपुर की हाईटेक फूड-ड्रग लैब फाइलों में अटकी, सिर्फ 5 कर्मचारियों के भरोसे पूरे प्रदेश की टेस्टिंग
सीएम को भनक नहीं, अफसरों ने निकाला बीच का रास्ता; 600 शिक्षकों की पोस्टिंग अब डीईओ के भरोसे
वेगस अस्पताल: इलाज में लापरवाही से मरीज की जान गई, जांच रिपोर्ट के बाद संचालक और डॉक्टरों पर एफआईआर
जमानत के लिए अदालत की बजाय श्मशान में 'अर्जी', हाईकोर्ट चीफ जस्टिस की तस्वीर रखकर तंत्र-मंत्र करते एक पकड़ाया, तीन फरार
नरेला में रफ्तार का कहर: मर्सिडीज की टक्कर में 70 वर्षीय महिला की मौत, SI का बेटा गिरफ्तार; नशे में ड्राइविंग का आरोप
शिक्षकों के इंतजार पर लगा ब्रेक! 700 शिक्षकों की तबादला सूची जारी, 400 नाम कटे; जानें किन मामलों में रुका ट्रांसफर
बिजली कंपनी में बंपर भर्ती का ऐलान! 1235 पदों पर नौकरी, AE-JE से लेकर DEO और पैरामेडिकल स्टाफ तक मौके
न साइंस की पढ़ाई, न इंजीनियरिंग की डिग्री… मोटर मैकेनिक के बेटे ने बना डाली उड़ने वाली कार! 200 KM की रफ्तार का दावा
नागपुर रेप केस में बड़ा खुलासा: आरोपी के घर से 8 चाकू, चॉपर, लैपटॉप और बड़ी मात्रा में गर्भनिरोधक बरामद
13 साल बाद झीरम घाटी केस में फैसले की आहट! 10 अगस्त को अंतिम बहस, 101 गवाहों की गवाही के बाद निर्णायक दौर में पहुंचा मामला
अरुण पन्नालाल की गिरफ्तारी पर सियासत गरम: BJP ने बताया 'धर्मांतरण नेटवर्क' का किंगपिन, कांग्रेस ने सरकार पर लगाए माहौल बिगाड़ने के आरोप