बंगाल की राजनीति में बड़ा उलटफेर, ममता बनर्जी के करीबी फिरहाद हकीम का इस्तीफा, टीएमसी में बढ़ीं अंदरूनी कलह की चर्चाएं
कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजनीति में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) को एक और बड़ा झटका लगा है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और ममता बनर्जी के करीबी माने जाने वाले फिरहाद हकीम ने आज कोलकाता के मेयर पद से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी। उनके इस फैसले ने राज्य की राजनीतिक गलियारों में नई चर्चाओं को जन्म दे दिया है।
कोलकाता नगर निगम मुख्यालय में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हकीम ने अपने इस्तीफे की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उन्हें इतने वर्षों तक देश के प्रमुख महानगरों में शामिल कोलकाता का मेयर बनने का अवसर मिला, इसके लिए वे पार्टी नेतृत्व और ममता बनर्जी के आभारी हैं।
हकीम का इस्तीफा ऐसे समय आया है जब टीएमसी के भीतर लगातार बदलाव और असंतोष की खबरें सामने आ रही हैं। इससे एक दिन पहले ही बिधाननगर की मेयर कृष्णा चक्रवर्ती ने भी अपने पद से इस्तीफा दिया था, जिससे पार्टी के भीतर चल रही हलचल और तेज हो गई है।
पार्टी प्रवक्ता कुणाल घोष ने पहले ही संकेत दिया था कि फिरहाद हकीम ने मेयर पद छोड़ने की अनुमति ममता बनर्जी से मांगी थी। बताया जा रहा है कि नगर निगम के कामकाज में आ रही चुनौतियों और बदलते राजनीतिक माहौल को देखते हुए उन्होंने यह फैसला लिया।
फिरहाद हकीम वर्ष 2018 से कोलकाता के मेयर पद की जिम्मेदारी संभाल रहे थे और इससे पहले राज्य सरकार में कई महत्वपूर्ण विभागों के मंत्री भी रह चुके हैं। उनके इस्तीफे के बाद अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि कोलकाता नगर निगम की कमान किस नए चेहरे को सौंपी जाएगी।
