डीएड अभ्यर्थियों के प्रदर्शन के दौरान पुलिस की कथित बदसलूकी, ACP ने प्रदर्शनकारी का मोबाइल छीनकर अंधेरे में फेंका
छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में डीएड अभ्यर्थियों के आंदोलन के दौरान पुलिस की कार्यप्रणाली पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। पिछले 322 दिनों से अपनी नियुक्ति की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे डीएड अभ्यर्थी गुरुवार सुबह अपने परिजनों के साथ नवा रायपुर स्थित शिक्षा मंत्री के बंगले पहुंचे थे। अभ्यर्थी 2300 सहायक शिक्षक पदों पर नियुक्ति की मांग को लेकर सरकार का ध्यान आकर्षित करने के लिए प्रदर्शन कर रहे थे।
बताया जा रहा है कि देर रात पुलिस ने प्रदर्शनकारी अभ्यर्थियों और उनके परिजनों को हिरासत में लेकर शिक्षा मंत्री के बंगले से हटाने की कार्रवाई की। इस दौरान प्रदर्शनकारियों की ओर से विरोध जताया जा रहा था। इसी बीच एक प्रदर्शनकारी अपने मोबाइल से पूरी कार्रवाई का वीडियो बना रहा था। आरोप है कि वीडियो बनाए जाने से नाराज होकर कोतवाली में पदस्थ ACP दीपक मिश्रा ने उसका मोबाइल छीन लिया और अंधेरे में दूर फेंक दिया।
अब इस पूरी घटना का वीडियो सामने आया है, जिसमें पुलिस अधिकारी द्वारा प्रदर्शनकारी का मोबाइल छीनकर फेंके जाने का घटनाक्रम दिखाई देने का दावा किया जा रहा है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस के व्यवहार और प्रदर्शनकारियों के साथ की गई कार्रवाई को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
एक तरफ डीएड अभ्यर्थी 322 दिनों से नियुक्ति की मांग को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, तो दूसरी तरफ आंदोलन के दौरान पुलिस की इस कथित कार्रवाई ने मामले को और गरमा दिया है। अब सवाल यह है कि अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों के साथ पुलिस का यह व्यवहार कितना उचित है और मोबाइल फेंकने के मामले में संबंधित अधिकारी पर क्या कार्रवाई की जाएगी।
