वेदांता प्लांट में मौत का ब्लास्ट: प्रोडक्शन बढ़ाने की जल्दबाजी बनी काल, 20 मजदूरों की गई जान, जांच में बड़ी लापरवाही उजागर

वेदांता प्लांट में मौत का ब्लास्ट: प्रोडक्शन बढ़ाने की जल्दबाजी बनी काल, 20 मजदूरों की गई जान, जांच में बड़ी लापरवाही उजागर

सक्ती/रायगढ़। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले स्थित वेदांता पावर प्लांट में हुए भीषण बॉयलर विस्फोट ने औद्योगिक सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस हादसे में अब तक 20 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि 36 श्रमिक झुलस गए, जिनमें से कई की हालत गंभीर बनी हुई है। मृतकों में छत्तीसगढ़ समेत उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के श्रमिक शामिल हैं, जिससे यह हादसा अंतरराज्यीय श्रमिक सुरक्षा का भी बड़ा मुद्दा बन गया है।gifs2-1_1776165865

घटना के करीब 30 घंटे बाद सामने आई प्रारंभिक जांच रिपोर्ट में प्लांट प्रबंधन की गंभीर लापरवाही उजागर हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, उत्पादन बढ़ाने की जल्दबाजी में बॉयलर पर अत्यधिक दबाव डाला गया, जबकि पहले से तकनीकी चेतावनियां मौजूद थीं। बावजूद इसके संचालन नहीं रोका गया, जिससे सिस्टम अस्थिर हो गया और अचानक दबाव बढ़ने से विस्फोट हो गया। अब इस रिपोर्ट के आधार पर एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।comp-172_1776164510

तकनीकी जांच में खुलासा हुआ कि 2028 टीपीएच क्षमता वाले बॉयलर में फर्नेस प्रेशर कुछ ही सेकेंड में खतरनाक स्तर तक पहुंच गया। इस दौरान उत्पादन लोड को तेजी से 350 मेगावाट से बढ़ाकर लगभग 590 मेगावाट कर दिया गया था। विशेषज्ञों के मुताबिक इतनी तेजी से लोड बढ़ाने के लिए ईंधन और हवा का सटीक संतुलन जरूरी होता है, जिसकी अनदेखी ने पूरे सिस्टम को असंतुलित कर दिया और हादसे की नींव रख दी।comp-160_1776163610

Read More NJV एक्सक्लूसिव:PWD में 13 करोड़ का बड़ा टेंडर घोटाला, ब्लैकलिस्टेड कंपनी ने झूठे शपथपत्र पर हथियाए काम, अब 7 दिन का अल्टीमेटम

प्रशासनिक स्तर पर भी कार्रवाई तेज हो गई है। औद्योगिक सुरक्षा विभाग की टीम ने विस्तृत जांच रिपोर्ट पुलिस को सौंप दी है, जबकि जिला प्रशासन ने मजिस्ट्रियल जांच के आदेश दिए हैं। राज्य के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री आज घटनास्थल और अस्पतालों का दौरा कर स्थिति की समीक्षा करेंगे। वहीं, अस्पतालों में घायलों का इलाज जारी है और कुछ गंभीर मरीजों को रायपुर रेफर किया गया है।gifs36-1_1776273499

Read More रायपुर जिला न्यायालय परिसर में हमला: पेशी के दौरान दो भाइयों के बीच विवाद, एक गंभीर रूप से घायल, मची अफरा-तफरी

हादसे के बाद मुआवजे की घोषणाएं भी की गई हैं। कंपनी प्रबंधन ने मृतकों के परिजनों को 35-35 लाख रुपये और नौकरी देने की बात कही है, जबकि घायलों के लिए 15-15 लाख रुपये की सहायता घोषित की गई है। इसके अलावा केंद्र और राज्य सरकार की ओर से भी अलग-अलग आर्थिक सहायता दी जाएगी। हालांकि, इस दर्दनाक घटना ने एक बार फिर औद्योगिक सुरक्षा मानकों और निगरानी व्यवस्था को लेकर गंभीर बहस छेड़ दी है।

Latest News

राजधानी का ग्रामीण इलाका बना क्राइम कैपिटल हत्याओं और बवाल से दहला मंदिर हसौद आखिर क्या कर रही हैं वरिष्ठ पुलिस अधिकारी  राजधानी का ग्रामीण इलाका बना क्राइम कैपिटल हत्याओं और बवाल से दहला मंदिर हसौद आखिर क्या कर रही हैं वरिष्ठ पुलिस अधिकारी 
सरगुजा में हाई वोल्टेज ड्रामा एसपी ने ज्ञापन लेने से किया किनारा आईजी दफ्तर पहुंचे अफसरों के पीछे पीछे पहुंचे एसपी
बिलासपुर में सत्ता और सिस्टम का सिंडिकेट मेडिकल पेशे से बिल्डर बने रसूखदार का खेल , गोकले नाला पाटकर भी हो रही अवैध प्लॉटिंग
महिला SP के जिले में बीमार बच्ची को डॉक्टर ने बताया गर्भवती, पुलिस ने रातभर गला दबाकर पूछा- बता, किसके साथ...
रायपुर जिला न्यायालय परिसर में हमला: पेशी के दौरान दो भाइयों के बीच विवाद, एक गंभीर रूप से घायल, मची अफरा-तफरी
दुर्ग के श्मशान घाट में सनसनी: कब्रों के बाहर मिले मानव अवशेष, जांच में जुटी पुलिस और FSL टीम
नोएडा के सबसे चर्चित प्रोजेक्ट पर ED का शिकंजा, 8115 करोड़ की मार्केट वैल्यू वाली संपत्तियां रडार पर
दिल्ली में बड़ा आतंकी मॉड्यूल बेनकाब, कई राज्यों से 9 संदिग्ध गिरफ्तार, संवेदनशील ठिकानों को निशाना बनाने की आशंका
मध्य प्रदेश में दर्दनाक हादसा: श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली पुलिया से गिरी, 6 की मौत, 40 से ज्यादा घायल
चलती कार की सनरूफ पर डांस, रील के लिए जान जोखिम में! रायपुर में युवकों का खतरनाक स्टंट वायरल
फरीदाबाद में बुलडोजर एक्शन के बाद प्रशासन अलर्ट, अफवाहों पर रोक लगाने के लिए कई घंटों तक इंटरनेट सेवाएं बंद
ऑपरेशन सिंदूर पर सेना प्रमुख का बड़ा बयान: तीनों सेनाएं हर चुनौती के लिए तैयार, बढ़ाया जा रहा तालमेल