बिलासपुर पुलिस में कुर्सी का अनोखा खेल एक पद के लिए तीन दावेदार और साहबों में भारी उलझन
लबिलासपुर। छत्तीसगढ़ शासन की ताजा तबादला सूची ने बिलासपुर पुलिस विभाग में अजीबोगरीब स्थिति पैदा कर दी है। सरकार ने सोमवार को प्रदेश भर के करीब 100 पुलिस अफसरों को इधर उधर किया है। इसमें बिलासपुर शहर के एएसपी को तो बदल दिया गया है और अब पंकज पटेल शहर की जिम्मेदारी संभालेंगे। लेकिन असली सिरदर्द ग्रामीण एएसपी की कुर्सी को लेकर हो गया है। हैरानी की बात यह है कि इस एक पद के लिए अब जिले में तीन तीन दावेदार आमने सामने आ गए हैं। इस गड़बड़झाले के बाद पुलिस महकमे में चर्चा है कि एक ही कुर्सी पर तीन अफसर भला कैसे बैठेंगे।
एक पद और तीन दावेदार समझिए पूरा गणित
प्रशासनिक चूक कहें या कोई खास रणनीति शासन ने मधुलिका सिंह को बिलासपुर का नया ग्रामीण एएसपी बनाकर भेजा है। मजेदार बात यह है कि इस पद पर पहले से ही अर्चना झा जमी हुई हैं और इस बार की सूची में उनका ट्रांसफर नहीं किया गया है। पेच यहीं नहीं फंसता एक तीसरे अफसर अनुज कुमार भी जिले में इसी मूल पद पर तैनात हैं। अब आलम यह है कि कागज पर तो तीनों ही ग्रामीण एएसपी हैं लेकिन कुर्सी तो सिर्फ एक ही है। पुलिस मुख्यालय के इस फैसले ने स्थानीय अधिकारियों को भी सोच में डाल दिया है।
पुराना इतिहास भी रहा है ऐसा ही रोचक
बिलासपुर में ग्रामीण एएसपी के पद को लेकर ऐसा मजाक पहली बार नहीं हुआ है। कुछ साल पहले भी अर्चना झा का तबादला किया गया था और उनकी जगह अनुज कुमार को भेजा गया था। तब भी ऐन वक्त पर अर्चना झा का ट्रांसफर रुक गया और अनुज कुमार को बिना कुर्सी के ही दूसरे काम देखने पड़े। इस बार भी इतिहास खुद को दोहरा रहा है और तीन अफसरों के बीच काम के बंटवारे को लेकर सस्पेंस बना हुआ है। अब देखना होगा कि शासन इस उलझन को कैसे सुलझाता है।
शहर में नए और देहात में काम का बंटवारा
शहर की कमान अब पंकज पटेल के हाथों में होगी जो नई रणनीति के साथ काम शुरू करेंगे। वहीं ग्रामीण इलाकों के बड़े क्षेत्र को देखते हुए पुलिस कप्तान अब इन तीनों दावेदारों के बीच थानों का बंटवारा करने की योजना बना रहे हैं। सूत्रों का कहना है कि किसी को एसीसीयू तो किसी को महिला सेल का जिम्मा देकर एडजस्ट किया जा सकता है। अधिकारियों के बीच दबी जुबान में इस बात की चर्चा है कि इतनी बड़ी लिस्ट बनने के बावजूद ऐसी छोटी गलतियां प्रशासन की छवि पर सवाल उठाती हैं।
अफसरों का क्या है कहना
जिले में देहात का इलाका काफी बड़ा है। आईयूसीएडब्ल्यू और अन्य विभागों के काम को देखते हुए अलग अलग सब डिवीजन का काम अधिकारियों को सौंपा जाएगा ताकि व्यवस्था बनी रहे।
एसएसपी बिलासपुर
