वन विभाग ने गिने पेड़ों के ठूंठ, पर खनिज विभाग को अब भी नहीं दिख रहीं गरजती पोकलेन मशीनें

वन विभाग ने गिने पेड़ों के ठूंठ, पर खनिज विभाग को अब भी नहीं दिख रहीं गरजती पोकलेन मशीनें

प्रशासनिक विरोधाभास: एक तरफ कार्रवाई की शुरुआत, दूसरी तरफ साजिशन चुप्पी; क्या रसूखदारों के दबाव में है खनिज अमला?

बिलासपुर/सकरी | सकरी क्षेत्र के भरनी गांव में प्राकृतिक संपदा की दिनदहाड़े डकैती ने प्रशासन के दोहरे चरित्र को उजागर कर दिया है। जहाँ वन विभाग ने मीडिया की आहट पाकर मौके पर पेड़ों के ठूंठ गिनने और पंचनामा बनाने की फुर्ती दिखाई है, वहीं खनिज विभाग गांधारी बना बैठा है। हफ्तों से चल रही पोकलेन मशीनों की गूंज और भारी हाइवा के शोर के बीच खनिज विभाग का यह 'मौन' अब भ्रष्टाचार और मिलीभगत की ओर सीधा इशारा कर रहा है।

आखिर किसका संरक्षण? शासकीय जमीन पर 'खूनी' पंजा

Read More एचआरए कट रहा पर मरम्मत नहीं: रविशंकर विवि के 62 साल पुराने जर्जर क्वार्टर में डर के साए में रह रहे शिक्षक, छज्जे और बालकनी गिर रही

ग्रामीणों की मानें तो भरनी की शासकीय भूमि पर बीते कई हफ्तों से कानून को ताक पर रखकर मुरूम का अवैध उत्खनन किया जा रहा है। आश्चर्य की बात यह है कि जिस जगह को उत्खनन के लिए छलनी किया गया, वहां खड़े हरे-भरे पेड़ों को भी बेरहमी से काट दिया गया। वन विभाग की जांच में अब तक 7 से 8 पेड़ों के ठूंठ मिलने की पुष्टि हो चुकी है। सवाल यह उठता है कि क्या सरकारी तंत्र इतना पंगु हो चुका है कि उसे दिन के उजाले में हो रही यह तबाही नजर नहीं आई?

Read More कोपरा जलाशय के पास कोल डिपो पर विधानसभा में सवाल, सरकार बोली- 10 किमी दायरे के लिए अलग नियम नहीं

सरपंच ने कहा हमने नहीं दी कोई अनुमति

इस पूरे मामले में स्थानीय पंचायत की भूमिका साफ है, लेकिन विभाग की संदिग्ध। भरनी सरपंच किरण वस्त्रकार ने बताया कि पंचायत द्वारा मुरूम उत्खनन का कोई भी प्रस्ताव या एनओसी (NOC) जारी नहीं की गई है। इसके बावजूद 12 चक्का हाइवा और भारी मशीनों का बेखौफ चलना यह बताता है कि खनन माफिया को न तो कानून का डर है और न ही स्थानीय प्रशासन का।

खनिज विभाग की मौन साधना पर उठते सवाल

जहां एक ओर वन विभाग के परिक्षेत्र सहायक ललित श्रीवास ने मौके पर पहुंचकर जांच प्रतिवेदन तैयार कर लिया है, वहीं खनिज विभाग की क्षेत्रीय अधिकारी पद्मनी जांगड़े की चुप्पी कई गंभीर सवाल खड़े कर रही है। मीडिया द्वारा संपर्क करने की कोशिशों पर अधिकारी का कॉल रिसीव न करना प्रशासन की पारदर्शिता पर बट्टा लगा रहा है। क्या यह चुप्पी किसी 'ऊपरी दबाव' का परिणाम है या फिर 'लेन-देन' की वह सेटिंग, जिसमें सरकारी राजस्व को चूना लगाना आम बात हो गई है?

वन विभाग की दिखावटी कार्रवाई? 

वन विभाग ने पेड़ों की कटाई पर पंचनामा तो बनाया, लेकिन मुख्य अपराधी (खनन माफिया) अब भी पकड़ से बाहर हैं। हजारों टन मुरूम को शहर के निजी निर्माण कार्यों में खपाया जा चुका है, जिससे शासन को लाखों के राजस्व का नुकसान हुआ है। इतना ही नहीं उत्खनन की आड़ में न केवल भूमि का स्वरूप बिगाड़ा गया, बल्कि क्षेत्र के हरे भरे वातावरण को नष्ट कर दिया 

उच्चाधिकारियों के निर्देश पर हमने भरनी में जांच की है। मौके पर करीब 7 से 8 पेड़ों के ठूंठ मिले हैं, जो बिना अनुमति काटे गए। हमने पंचनामा तैयार कर लिया है और रिपोर्ट वन परिक्षेत्र अधिकारी तखतपुर को सौंपी जा रही है।"

 ललित श्रीवास, परिक्षेत्र सहायक, पेंडारी

 

 

Tags:

Latest News

 बाल संप्रेक्षण गृह : चौकीदार हत्या मामले में परिजन कर रहे CBI जाँच की मांग बाल संप्रेक्षण गृह : चौकीदार हत्या मामले में परिजन कर रहे CBI जाँच की मांग
'युवाओं के लिए कैसे आदर्श?' समय रैना पर सुप्रीम कोर्ट की तल्ख टिप्पणी, 10 लाख का जुर्माना
5 लाख में एक दुर्लभ मामला! 3 महीने के मासूम के पेट से निकला अधूरा जुड़वां भ्रूण, सफल सर्जरी के बाद बच्चा स्वस्थ
आदिवासी विकास पर सरकार का रिपोर्ट कार्ड: ढाई वर्षों की उपलब्धियों का ब्यौरा, मंत्री रामविचार नेताम ने गिनाए बड़े बदलाव
50 वर्षो से निवासरत ग्रामीणों को 3 दिन का अल्टीमेटम , सरपंच व सचिव की मनमानी
150 बच्चों के लिए सिर्फ 3 शिक्षक! नाराज छात्रों ने स्कूल में जड़ा ताला, पढ़ाई पूरी तरह ठप
रायपुर में 'पुष्पा' स्टाइल खैर तस्करी का भंडाफोड़! दो ट्रक से ज्यादा लकड़ी जब्त, गोदाम सील, तस्कर फरार
रथयात्रा से पहले गुजरात ATS का बड़ा ऑपरेशन! 5 संदिग्ध हिरासत में, जैश-ए-मोहम्मद से संभावित कनेक्शन की जांच
BREAKING: डीजल चोरों को छोड़ना पड़ा महंगा! ASI उमेश उपाध्याय सस्पेंड, SSP का बड़ा एक्शन
फेसबुक पर BJP विधायक पुरंदर मिश्रा के खिलाफ कथित अभद्र टिप्पणी, शिकायत के बाद युवक पर FIR दर्ज
सुंदरकांड को लेकर गुरुग्राम में सियासी घमासान! BJP कार्यालय के बाहर कांग्रेस के कार्यक्रम पर प्रशासन सख्त, 300 मीटर तक धारा 144 लागू
राजधानी के स्कूल में खूनी बवाल! पानी फेंकने की कहासुनी के बाद 11वीं के छात्र पर चाकू से हमला