Raipur Cyber Crime: महिला बनकर करते थे कॉल, 98 लाख का झांसा… रायपुर पुलिस ने नोएडा से पकड़ा करोड़ों का ठगी गैंग
रायपुर। साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए रायपुर पुलिस ने यूपी के नोएडा में दबिश देकर फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में तीन शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जो देशभर के लोगों को बीमा पॉलिसी मैच्योरिटी के नाम पर झांसा देकर करोड़ों रुपये ठग चुके थे।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी नोएडा के गौर सिटी मॉल स्थित एक ऑफिस से कॉल सेंटर संचालित कर रहे थे। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अनिल कुमार, अजय तिवारी और रिंकू सिंह के रूप में हुई है। ये लोग बीमा पॉलिसी के नाम पर लोगों को कॉल करते और उन्हें बड़ी रकम मिलने का लालच देकर प्रोसेसिंग फीस, टैक्स और एनओसी के नाम पर पैसे वसूलते थे।
इस गिरोह की सबसे चौंकाने वाली चाल यह थी कि सभी आरोपी पुरुष होते हुए भी महिला की आवाज में बात करते थे। इसके लिए वे ‘वॉइस टेम्पर’ सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल करते थे, जिससे उनकी आवाज पूरी तरह महिला जैसी सुनाई देती थी और लोग आसानी से उनके झांसे में आ जाते थे।
मामले का खुलासा तब हुआ जब कांदुल निवासी पीड़ित परमजीत सिंह चड्ढा ने मुजगहन थाना में शिकायत दर्ज कराई। उन्हें नवंबर 2024 में कॉल कर बताया गया कि उनकी बीमा पॉलिसी की 98 लाख रुपये से ज्यादा राशि मैच्योर हो चुकी है। विश्वास दिलाने के लिए एक ‘महिला’ से बात कराई गई, जो दरअसल ठग ही था।
आरोपियों ने प्रोसेसिंग और अन्य शुल्क के नाम पर पीड़ित से किस्तों में करीब 9.60 लाख रुपये ठग लिए। जब पीड़ित को शक हुआ और उसने बैंक से दस्तावेजों की जांच कराई, तो सभी कागजात फर्जी पाए गए, जिसके बाद उसने पुलिस में शिकायत की। शिकायत के आधार पर एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) और स्थानीय पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए तकनीकी विश्लेषण के जरिए आरोपियों का लोकेशन ट्रेस किया और नोएडा में छापा मारकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे पिछले 9 महीनों से इस फर्जी कॉल सेंटर का संचालन कर रहे थे और कई लोगों को अपना शिकार बना चुके हैं। पुलिस अब इस नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों और ठगी की कुल रकम का पता लगाने में जुटी है। यह मामला एक बार फिर दर्शाता है कि साइबर अपराधी अब अत्याधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर लोगों को निशाना बना रहे हैं, ऐसे में सतर्क रहना बेहद जरूरी है।
