भूमि पूजन करने पहुंचे डिप्टी सीएम को मुख्य द्वार पर रोका, रहवासियों ने किया विरोध प्रदर्शन, प्राइवेसी और सुरक्षा को लेकर जताई आपत्ति
बिलासपुर : शहर की प्रमुख पॉश कॉलोनी रामा वैली में सरकारी जमीन पर प्रस्तावित सर्किट हाउस को लेकर उस समय विवाद खड़ा हो गया, जब भूमि पूजन के लिए पहुंचे डिप्टी सीएम अरुण साव का कॉलोनीवासियों ने विरोध शुरू कर दिया। रहवासियों ने कॉलोनी के मुख्य गेट पर उनका काफिला रोक दिया। महिलाओं समेत बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए और निर्माण को लेकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई।
पहले हटाया कब्जा, अब वहीं बन रहा सर्किट हाउस
रायपुर-बिलासपुर नेशनल हाईवे से लगी रामा वैली की कोटवारी जमीन पर पहले कालोनाइजर के कब्जे की शिकायत प्रशासन तक पहुंची थी। जांच के बाद प्रशासन ने जमीन को कब्जे से मुक्त कराया था। अब इसी सरकारी जमीन पर करीब 17 करोड़ रुपए की लागत से सर्किट हाउस बनाने की प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है। इसी परियोजना के भूमि पूजन के लिए डिप्टी सीएम अरुण साव पहुंचे थे। उनके पहुंचते ही रहवासियों ने विरोध शुरू कर दिया। लोगों का कहना था कि उन्हें सर्किट हाउस निर्माण की जानकारी कार्यक्रम से ठीक एक रात पहले मिली।
रहवासियों ने कहा- कॉलोनी के बीच सरकारी भवन क्यों?
विरोध कर रहे लोगों ने आरोप लगाया कि निर्माण को लेकर अधिकांश कॉलोनीवासियों से सहमति नहीं ली गई। उनका कहना था कि रिहायशी कॉलोनी के भीतर सर्किट हाउस बनने से सुरक्षा और निजी जीवन प्रभावित हो सकता है। इसके अलावा बाहरी लोगों और वाहनों की आवाजाही बढ़ने से कॉलोनी के सामान्य माहौल पर भी असर पड़ने की आशंका जताई हैं।
अधिकारियों ने संभाला मोर्चा

विरोध और हंगामे की सूचना मिलते ही एसडीएम और तहसीलदार मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने रहवासियों से चर्चा कर उन्हें समझाने का प्रयास किया, लेकिन लोग नहीं माने। कुछ देर बाद कलेक्टर संजय अग्रवाल भी मौके पर पहुंचे और रहवासियों से बातचीत की। कलेक्टर समेत प्रशासनिक अधिकारियों ने लोगों को समझाइश दी। इसके बाद स्थिति शांत हुई, लेकिन रहवासियों की नाराजगी पूरी तरह खत्म नहीं हुई।
विरोध के बीच हुआ भूमि पूजन
कॉलोनीवासियों के विरोध के बीच आखिरकार सर्किट हाउस का भूमि पूजन कराया गया। इस दौरान मौके पर पुलिस के अधिकारी और जवान भी तैनात रहे। पूरे घटनाक्रम के चलते रामा वैली में काफी देर तक गहमागहमी की स्थिति बनी रही।
