कांकेर में नाबालिग के अपहरण और दुष्कर्म का मामला, धमतरी से आरोपी गिरफ्तार; किशोरी सकुशल बरामद
कांकेर। छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में नाबालिग बालिका के अपहरण और दुष्कर्म का गंभीर मामला सामने आया है। सिटी कोतवाली पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अपहृत किशोरी को धमतरी जिले के ग्राम सरईटोला से सकुशल बरामद किया है। आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। इस कार्रवाई में कांकेर साइबर सेल की तकनीकी टीम की भी अहम भूमिका रही।
स्कूल जाने की बात कहकर घर से निकली थी किशोरी
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना की शुरुआत 12 अक्टूबर 2026 को हुई, जब नाबालिग बालिका सुबह स्कूल जाने की बात कहकर घर से निकली थी। लेकिन देर तक घर वापस नहीं लौटने पर परिजनों को चिंता हुई। उन्होंने अपने स्तर पर किशोरी की तलाश की, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चल पाया।
इसके बाद 14 अक्टूबर को किशोरी के परिजन ने सिटी कोतवाली थाना पहुंचकर गुमशुदगी और अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 358/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 137(2) में मामला दर्ज किया और किशोरी की तलाश शुरू कर दी।
साइबर सेल की मदद से धमतरी में मिली लोकेशन
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने जांच तेज कर दी। विवेचना के दौरान कांकेर साइबर सेल की तकनीकी सहायता ली गई। तकनीकी जांच और उपलब्ध जानकारियों के आधार पर पुलिस को किशोरी की लोकेशन धमतरी जिले के ग्राम सरईटोला, थाना दुगली क्षेत्र में मिली।
लोकेशन की जानकारी मिलते ही कांकेर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई की। महिला प्रधान आरक्षक किरण परिहार के नेतृत्व में पुलिस टीम को ग्राम सरईटोला के लिए रवाना किया गया। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर आरोपी के कब्जे से नाबालिग बालिका को सकुशल बरामद कर लिया।
पूछताछ के बाद पॉक्सो एक्ट की धाराएं जोड़ी गईं
किशोरी की बरामदगी के बाद पुलिस ने उसके कथन और मामले से जुड़े तथ्यों के आधार पर आगे की जांच की। इस दौरान प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता की धारा 64(1), 64(2)(ङ) तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 4 और 6 जोड़ी गईं।
पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपराध स्वीकार किया। इसके बाद पुलिस ने आरोपी अर्जुन ध्रुवा (25 वर्ष), पिता मोतीलाल ध्रुवा, निवासी ग्राम सरईटोला, थाना दुगली, जिला धमतरी को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
इन पुलिसकर्मियों की रही अहम भूमिका
इस पूरे मामले में सिटी कोतवाली पुलिस और साइबर सेल की टीम ने समन्वय के साथ कार्रवाई की। पुलिस की ओर से जारी जानकारी के मुताबिक, कार्रवाई में निरीक्षक जितेन्द्र कुमार, सहायक उपनिरीक्षक भुनेश्वरी भगत, पीएसआई लता, महिला प्रधान आरक्षक किरण परिहार, आरक्षक तनिश कावड़े, गजेन्द्र नाग, महिला आरक्षक अगसिया कोडोपी और साइबर सेल की टीम का योगदान रहा।
पुलिस की तकनीकी जांच और त्वरित कार्रवाई से किशोरी को धमतरी जिले से सकुशल बरामद किया जा सका। फिलहाल मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
