CG Crime News: मां के घर को ही बनाया निशाना! निलंबित आरक्षक ने दोस्तों संग रची चोरी की साजिश, 6 लाख का माल बरामद; 3 गिरफ्तार
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में चोरी की एक ऐसी वारदात का पुलिस ने खुलासा किया है, जिसमें शिकायतकर्ता के अपने ही बेटे पर शक सही साबित हुआ। सकरी थाना पुलिस के मुताबिक, एक निलंबित आरक्षक ने अपने दो साथियों के साथ मिलकर कथित तौर पर अपने ही घर में चोरी की योजना बनाई। पुलिस ने मामले में तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों के कब्जे से करीब 6 लाख रुपये कीमत के सोने-चांदी के आभूषण और नकदी बरामद की गई है। वारदात में इस्तेमाल की गई एक बुलेट बाइक भी जब्त की गई है।
मां के बाहर जाते ही घर में हुई चोरी
मामला सकरी थाना क्षेत्र के उसलापुर स्थित सागरदीप कॉलोनी का है। यहां बिन्दावती मिश्रा अपने बेटे आशीष मिश्रा के साथ रहती थीं। कुछ समय पहले वह किसी काम से रीवा गई थीं और इस दौरान घर पर उनका बेटा मौजूद था। वापसी के बाद उन्होंने घर का ताला टूटा हुआ देखा। अंदर रखे सोने-चांदी के जेवर और नकदी गायब थी। घर में चोरी की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने पुलिस से शिकायत की।
बेटे पर हुआ शक, पूछताछ में खुलती गई कहानी
चोरी के बाद परिस्थितियों को देखते हुए परिवार को आशीष मिश्रा की भूमिका पर संदेह हुआ। शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की और आशीष से पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक, पूछताछ के दौरान उसके बयानों में विरोधाभास सामने आए। इसके बाद जांच आगे बढ़ाई गई तो कथित तौर पर वारदात में उसके दो दोस्तों के शामिल होने की जानकारी मिली।
दोस्तों के साथ मिलकर बनाया था प्लान
पुलिस का दावा है कि आशीष मिश्रा ने अपने साथियों के साथ मिलकर घर में चोरी की योजना तैयार की थी। इसके बाद घर से सोने-चांदी के आभूषण और नकदी ले जाने की वारदात को अंजाम दिया गया। जांच के दौरान पुलिस ने आशीष मिश्रा के साथ सूरज सिंह ठाकुर उर्फ मोना और अनुराग चौधरी उर्फ लालू को भी गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपियों से चोरी के सामान के संबंध में जानकारी मिली, जिसके बाद उनके कब्जे से करीब 6 लाख रुपये का माल बरामद किया गया।
चोरी में इस्तेमाल बुलेट भी पुलिस ने की जब्त
सकरी थाना पुलिस ने वारदात से जुड़े वाहन की भी जानकारी जुटाई। जांच के दौरान बुलेट बाइक क्रमांक CG 10 AZ 5100 को जब्त किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी की योजना कब बनाई गई थी, वारदात में अन्य किसी व्यक्ति की भूमिका थी या नहीं और चोरी किए गए सामान को ठिकाने लगाने की कोशिश की गई थी या नहीं।
तीनों आरोपी गिरफ्तार, जांच जारी
पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में बरामद सामान और अन्य साक्ष्यों को जांच का हिस्सा बनाया गया है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। अदालत में आरोप साबित होने तक सभी आरोपी कानूनी रूप से निर्दोष माने जाते हैं।
