एक बार फिर मिली शुक्ला को प्रदेश से बाहर संगठनात्मक जिम्मेदारी, असम लोकसभा उपचुनाव में बनाए गए पर्यवेक्षक

एक बार फिर मिली शुक्ला को प्रदेश से बाहर संगठनात्मक जिम्मेदारी, असम लोकसभा उपचुनाव में बनाए गए पर्यवेक्षक

बिलासपुर : कांग्रेस संगठन में बिलासपुर के पूर्व ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अरविंद शुक्ला को एक बार फिर प्रदेश से बाहर संगठनात्मक जिम्मेदारी मिली है। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) ने उन्हें असम में होने वाले लोकसभा उपचुनाव के लिए पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। जारी नियुक्ति पत्र में शुक्ला सहित अन्य नेताओं को असम प्रदेश कांग्रेस के साथ समन्वय और चुनाव से जुड़े संगठनात्मक कार्यो की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

bhupesh baghel ka latter shukla ji ko

पंजाब के बाद अब असम की मिली जिम्मेदारी

Read More रास्ते में ही खराब हुई एंबुलेंस, 2 घंटे तड़पती रही पहाड़ी कोरवा गर्भवती; मौत के बाद पहुंची गाड़ी, बीएमओ बोले- अस्पताल तो डेढ़ साल से बंद है

अरविंद शुक्ला को इससे पहले पंजाब में भी संगठनात्मक जिम्मेदारी दी जा चुकी है। वहां बूथ समन्वय से जुड़े काम में भूमिका निभाई थी। अब असम लोकसभा उपचुनाव में पर्यवेक्षक बनाए जाने के बाद उनकी संगठनात्मक सक्रियता एक बार फिर बिलासपुर से बाहर दिखाई दे रही है।

Read More डेढ़ लाख के कर्ज में दांव पर लगा दी पुश्तैनी जमीन, गिरवी के नाम पर करा ली रजिस्ट्री, कोर्ट के आदेश के बाद पुलिस ने दर्ज किया केस

ब्लॉक अध्यक्ष रहते संगठन में रहे सक्रिय

बिलासपुर में ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष रहते हुए शुक्ला ने लोकसभा, विधानसभा और निगम चुनावों के दौरान संगठनात्मक गतिविधियों में भाग लिया। बूथ स्तर के कार्यक्रमों से लेकर चुनावी सभाओं और रैलियों तक उनकी सक्रियता रही। संगठन से जुड़े नेताओं के मुताबिक, इसी अनुभव को देखते हुए उन्हें अलग-अलग राज्यों में जिम्मेदारियां मिलती रही हैं।

बघेल के असम प्रभारी बनने के बाद चर्चा में नियुक्ति

शुक्ला को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के करीबी नेताओं में माना जाता है। बघेल को असम का प्रभारी बनाए जाने के बाद उसी राज्य में शुक्ला को चुनावी संगठन की जिम्मेदारी मिलना बिलासपुर कांग्रेस के राजनीतिक हलकों में भी चर्चा का विषय है। दोनों नेताओं के बीच पहले भी संगठनात्मक स्तर पर काम करने की बात सामने आती रही है। अरविंद शुक्ला की नई जिम्मेदारी को बिलासपुर कांग्रेस की स्थानीय राजनीति से भी जोड़कर देखा जा रहा है।

पूर्व में पंजाब और अब असम में संगठनात्मक भूमिका मिलने से उनका दायरा प्रदेश से बाहर बढ़ा है। शुक्ला को भूपेश बघेल के साथ-साथ कोटा विधायक अटल श्रीवास्तव के करीबी नेताओं में भी गिना जाता है। अब असम में उन्हें प्रदेश कांग्रेस के साथ समन्वय करते हुए उपचुनाव से जुड़े संगठनात्मक कार्यो को आगे बढ़ाना होगा। पार्टी के लिए यह जिम्मेदारी ऐसे समय में मिली है, जब असम में उपचुनाव को लेकर संगठन स्तर पर तैयारियां चल रही हैं।

Tags:

Latest News

कैलेंडर की तारीख नहीं, देवता की मान्यता से मनती है दिवाली! छत्तीसगढ़ के इस गांव की अनोखी परंपरा कैलेंडर की तारीख नहीं, देवता की मान्यता से मनती है दिवाली! छत्तीसगढ़ के इस गांव की अनोखी परंपरा
बिलासपुर में रिश्तों का कत्ल! बाहर जाने से रोका तो पोते ने दादी को उतारा मौत के घाट
छत्तीसगढ़ में नगरीय निकाय चुनाव की तैयारी तेज, BJP ने गठित की प्रदेश चुनाव टोली; संतोष पांडेय बने मुख्य प्रवक्ता
छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, चार अधिकारियों का तबादला; प्रशांत चिरवतकर बने नए प्रभारी DEO
महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप केस: मुख्य आरोपी सौरभ चंद्राकर रायपुर पहुंचा, 4 नवंबर को CBI कोर्ट में होगी पेशी
डिप्टी सीएम विजय शर्मा का Gen-Z अंदाज वायरल, कांग्रेस को दिया जवाब- 'मोदी कहीं नहीं जाएगा, Broooo!'
पाटन चुनाव पर कानूनी शिकंजा बरकरार, भूपेश को सुप्रीम से झटका
काबिलियत पर भरोसा रखो, भीड़ का हिस्सा नहीं अपनी पहचान बनो: राज्यपाल, सातवें दीक्षांत समारोह में 24,800 विद्यार्थियों को मिली उपाधि
1982 में अधिग्रहित सरकारी जमीन 2011 में बेच दी, मुआवजा लेकर पूर्व मालिक ने कर दी रजिस्ट्री, हाई कोर्ट ने खरीदार को दिया झटका
बड़े प्रतिष्ठानों और मिठाई फैक्ट्रियों को छोड़ गांवों में छापेमारी, खाद्य विभाग की जांच पर संदेह
हर अधूरा शादी का वादा दुष्कर्म नहीं, शुरुआत से धोखा देने की मंशा साबित होना जरूरी: हाई कोर्ट
अब खेतों की पराली नहीं होगी बेकार, कचरे से दौड़ेंगी ऊर्जा की नई परियोजनाएं, किसानों की बढ़ेगी कमाई